करनाल के सेक्टर-33 में मंगलवार देर रात उस समय माहौल गरमा गया जब नगर निगम की टीम एवेन्यु सोसाइटी की दीवार को तोड़ने के लिए पहुंची। स्थानीय लोगों ने इसका विरोध करते हुए जमकर हंगामा किया और काम रुकवा दिया। लोगों का आरोप है कि यह दीवार पूरी तरह वैध है, इसके बावजूद एक बिल्डर को फायदा पहुंचाने के लिए इसे गिराने की कोशिश की जा रही है। जिसके चलते नगर निगम के अधिकारी देर रात को दिवार को तोड़ने के लिए अपने अमले के साथ मौके पर पहुंचे। जिसके बाद रात को ही स्थानिय लोगों ने जमकर हंगामा शुरू कर दिया। कॉलोनी निवासियों का कहना है कि अगर दीवार को तोड़ने की हिमाकत की गई तो हम कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे और पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। बिल्डर पर दबाव बनाने का आरोप
स्थानीय मनोज राणा ने बताया कि एक बिल्डर ने करीब 5 एकड़ जमीन में कालोनी विकसित की हुई है। इस कालोनी का लाइसेंस बुढाखेड़ा-फुसगढ़ रोड के लिए मंजूर किया गया है। अब बिल्डर को अपनी जगह का उचित दाम नहीं मिल रहा, इसलिए वह विभागों पर दबाव बना रहा है कि दीवार को तोड़ा जाए, ताकि उसकी कालोनी की एंट्री सेक्टर-32-33 से हो सके। 2014 से नक्शे में वैध बताई जा रही दीवार
कालोनिवासियों का कहना है कि नगर निगम के नक्शे में यह दीवार 2014 से पास है और पूरी तरह वैध है। उन्होंने बताया कि उन्हें सूचना का अधिकार के तहत मिली जानकारी में भी साफ लिखा है कि यह दीवार वैध है और इसे नहीं तोड़ा जा सकता। ऐसे में अब नगर निगम की कार्रवाई पर सवाल खड़े हो रहे हैं। मूलभूत सुविधाओं की अनदेखी का आरोप
लोगों ने कहा कि कालोनी में पानी की सप्लाई, स्ट्रीट लाइट और अन्य सुविधाओं की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। इन समस्याओं को लेकर कई बार नगर निगम को पत्र लिखे गए, लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ। इसके उलट अब एक बिल्डर के दबाव में आकर दीवार तोड़ने की कार्रवाई की जा रही है। बिल्डर पर दबंगई दिखाने का आरोप
कालोनिवासियों का आरोप है कि बिल्डर खुलेआम कह रहा है कि सरकार और प्रशासन उसकी जेब में है और वह दीवार को तुड़वाकर ही रहेगा। लोगों का कहना है कि एक छोटा डीलर प्रशासन पर दबाव बनाकर वैध दीवार को अवैध बताने की कोशिश कर रहा है। लोगों के एकजुट होने से टली कार्रवाई
स्थानीय निवासियों के अनुसार अगर समय रहते लोग एकत्रित न होते तो दीवार तोड़ी जा चुकी होती। लोगों ने कहा कि इस दीवार के टूटने से असामाजिक तत्वों का आना-जाना बढ़ जाएगा और कालोनी में सुरक्षा की समस्या खड़ी हो जाएगी। कोर्ट जाने की चेतावनी
कालोनिवासियों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर दीवार को तोड़ा गया तो वे अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। उनका कहना है कि इस मामले में प्रशासन को जवाब देना मुश्किल हो जाएगा। फिलहाल लोगों के विरोध के चलते नगर निगम की कार्रवाई रोक दी गई है।


