दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (DVVNL) में बड़ा घोटाला सामने आया है। विभागीय सूत्रों की मानें तो आगरा के फतेहाबाद क्षेत्र में करोड़ों से अधिक का टेंडर घोटाला है। कई फर्मों को नियमों को ताक पर रखकर 80 से अधिक टेंडर दे दिए गए। इनमें से कई टेंडर तो पोर्टल पर चढ़ाए बिना ही फार्मों को आवंटित कर दिए गए।
मामला संज्ञान में आने के बाद विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। विभाग में इंटरनल जांच भी कराई गई है। उसमें ये घोटाले सामने आए हैं।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जांच में वर्ष 2023-24 और 2024-25 में लगभग 52 ऐसे टेंडर पाए गए हैं, जिसके सापेक्ष निविदाएं प्रकाशित ही नहीं की गईं। वर्ष 2023-24 एवं 2024-25 के अंतर्गत लगभग 7 ऐसे अनुबंध मिले हैं, जिसके सापेक्ष प्रकाशित निविदाएं ई-निविदा पोर्टल पर निरस्त प्रदर्शित हो रही हैं। इसके बावजूद इन टेंडर जारी किए गए। वर्ष 2023-24 एवं 2024-25 के अंतर्गत 11 ऐसे अनुबंध मिले हैं, जिसके सापेक्ष प्रकाशित निविदाओं के ई-निविदा पोर्टल पर प्रथम/द्वितीय भाग खोले ही नहीं गए। फिर भी ये टेंडर जारी किए गए।
कुछ ऐसे टेंडर भी थे, जिसमें प्रथम निविदादाता ने निविदा की धनराशि 15 लाख रुपये अंकित की गई लेकिन कार्यालय के घोटालेबाज बाबू ने इसको 28 लाख कर दिया। इसके बाद अनुबंध को 28 लाख में ही कर दिया।
कुछ ऐसी भी निविदा प्रकाश में आई हैं, जिसमें टेंडर डाले ही नहीं गए, इसके बाद भी उन्हें अनुबंध कर दिया। प्रबंधन निदेशक नितिश कुमार ने घोर लापरवाही के लिए विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी है। FIR कराने के आदेश दिए हैं।


