पटना में राजद नेता तेजप्रताप यादव और उनके समर्थकों पर अपहरण कर हत्या की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगा है। यह आरोप संतोष रेणु यादव ने लगाया है। उन्होंने इस संबंध में श्रीकृष्णापुरी (एसकेपुरी) थाना में लिखित शिकायत दी है। एसकेपुरी के थानेदार जितेंद्र राणा ने बताया कि, ‘शिकायतकर्ता से लिखित आवेदन प्राप्त हुआ है। सनहा दर्ज कर के छानबीन की जा रही है। जिनके दफ्तर पर गया था, उनसे भी संपर्क कर के जानकारी ली गई है।’ कार्ड देने के बहाने बंधक बनाने का आरोप संतोष रेणु यादव का आरोप है कि ‘तेज प्रताप यादव और उनके समर्थकों की नियत अपहरण कर के हत्या करने की थी। 4 फरवरी को कार्ड देने के बहाने मुझे बंधक बनाकर उनके समर्थक 42-A आवास पर ले गए और वहीं रखा था। हत्या की साजिश रची जा रही थी। इसी बीच संयोगवश भूमिहार ब्राह्मण एकता मंच के नेता आशुतोष कुमार पहुंच गए।’ संतोष के मुताबिक, बात लीक नहीं हो, ‘इस डर से मुझे तेज प्रताप यादव झांसा देने लगे कि मैं तुम्हें MLC बनाना चाहता हूं, तुमको पुनः पार्टी ज्वाईन करने के लिए बुलाया हूं। जबरदस्ती हंसने पर मजबूर करके फोटो लेने का आरोप संतोष का आरोप है कि, ‘जबरदस्ती उन्हें पार्टी का टोपी पहनाकर जबरन हंसने पर मजबूर करके फोटो खींच लिया गया। अगर समय पर आशुतोष कुमार का आगमन न होता तो ये सभी लोग उनकी हत्या करवा देते।’ समर्थकों पर हत्या की योजना बनाने का आरोप संतोष रेणु के आवेदन के मुताबिक, 4 फरवरी समय करीब 7 बजे शाम में बोरिंग रोड स्थित पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष जय सिंह राठौर के कार्यालय में उन्हें बुलाया गया। उनकी पार्टी के ही एक नेता अविनाश कुमार सोनू से साजिशन अपने बहन की शादी का निमंत्रण कार्ड देने के बहाने बुलाया था। इसके बाद मुझे डरा धमका कर अपने साथ हार्डिंग रोड स्थित आवास 42-A पर ले गये। फिर आवास के मेन गेट में ताला लगा दिया गया। वहां मौजूद मोतीलाल राय, शंभू यादव, बैजनाथ यादव और कुछ अज्ञात लोगों के साथ मिलकर मेरे साथ अनहोनी करने की योजना बनाने लगे। तेज प्रताप और संतोष के बीच पुराना विवाद संतोष रेणु यादव पहले तेज प्रताप की पार्टी जनशक्ति जनता दल (JJD) के प्रवक्ता रहे हैं. कुछ दिनों पहले संतोष ने पार्टी छोड़ दिया था। तभी से तेज प्रताप और संतोष रेणु के बीच विवाद चल रहा है। तेज प्रताप यादव की ओर से भी पूर्व में संतोष रेणु यादव के खिलाफ थाने में शिकायत की गई थी। इसके बाद संतोष रेणु यादव ने बेऊर थाने में तेज प्रताप यादव के खिलाफ शिकायत की थी। दोनों के बीच पिछले कुछ महीनों से विवाद चला आ रहा है। पटना में राजद नेता तेजप्रताप यादव और उनके समर्थकों पर अपहरण कर हत्या की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगा है। यह आरोप संतोष रेणु यादव ने लगाया है। उन्होंने इस संबंध में श्रीकृष्णापुरी (एसकेपुरी) थाना में लिखित शिकायत दी है। एसकेपुरी के थानेदार जितेंद्र राणा ने बताया कि, ‘शिकायतकर्ता से लिखित आवेदन प्राप्त हुआ है। सनहा दर्ज कर के छानबीन की जा रही है। जिनके दफ्तर पर गया था, उनसे भी संपर्क कर के जानकारी ली गई है।’ कार्ड देने के बहाने बंधक बनाने का आरोप संतोष रेणु यादव का आरोप है कि ‘तेज प्रताप यादव और उनके समर्थकों की नियत अपहरण कर के हत्या करने की थी। 4 फरवरी को कार्ड देने के बहाने मुझे बंधक बनाकर उनके समर्थक 42-A आवास पर ले गए और वहीं रखा था। हत्या की साजिश रची जा रही थी। इसी बीच संयोगवश भूमिहार ब्राह्मण एकता मंच के नेता आशुतोष कुमार पहुंच गए।’ संतोष के मुताबिक, बात लीक नहीं हो, ‘इस डर से मुझे तेज प्रताप यादव झांसा देने लगे कि मैं तुम्हें MLC बनाना चाहता हूं, तुमको पुनः पार्टी ज्वाईन करने के लिए बुलाया हूं। जबरदस्ती हंसने पर मजबूर करके फोटो लेने का आरोप संतोष का आरोप है कि, ‘जबरदस्ती उन्हें पार्टी का टोपी पहनाकर जबरन हंसने पर मजबूर करके फोटो खींच लिया गया। अगर समय पर आशुतोष कुमार का आगमन न होता तो ये सभी लोग उनकी हत्या करवा देते।’ समर्थकों पर हत्या की योजना बनाने का आरोप संतोष रेणु के आवेदन के मुताबिक, 4 फरवरी समय करीब 7 बजे शाम में बोरिंग रोड स्थित पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष जय सिंह राठौर के कार्यालय में उन्हें बुलाया गया। उनकी पार्टी के ही एक नेता अविनाश कुमार सोनू से साजिशन अपने बहन की शादी का निमंत्रण कार्ड देने के बहाने बुलाया था। इसके बाद मुझे डरा धमका कर अपने साथ हार्डिंग रोड स्थित आवास 42-A पर ले गये। फिर आवास के मेन गेट में ताला लगा दिया गया। वहां मौजूद मोतीलाल राय, शंभू यादव, बैजनाथ यादव और कुछ अज्ञात लोगों के साथ मिलकर मेरे साथ अनहोनी करने की योजना बनाने लगे। तेज प्रताप और संतोष के बीच पुराना विवाद संतोष रेणु यादव पहले तेज प्रताप की पार्टी जनशक्ति जनता दल (JJD) के प्रवक्ता रहे हैं. कुछ दिनों पहले संतोष ने पार्टी छोड़ दिया था। तभी से तेज प्रताप और संतोष रेणु के बीच विवाद चल रहा है। तेज प्रताप यादव की ओर से भी पूर्व में संतोष रेणु यादव के खिलाफ थाने में शिकायत की गई थी। इसके बाद संतोष रेणु यादव ने बेऊर थाने में तेज प्रताप यादव के खिलाफ शिकायत की थी। दोनों के बीच पिछले कुछ महीनों से विवाद चला आ रहा है।


