राज्य में अगले दो माह में पंचायतों के चुनाव की प्रक्रिया शुरू होनी है। ऐसे में राज्य निर्वाचन आयोग ने जल्द ही इन चुनावों की तैयारी के लिए रिटर्निंग ऑफिसर (RO) और असिस्टेंट रिटर्निंग ऑफिसर (ARO) नियुक्त करने के आदेश दिए है। आयोग ने एक आदेश जारी करे रिटर्निंग ऑफिसर के पद पर तहसीलदार को भी लगाने परमिशन दी है। हालांकि ये उसी स्थिति में होगा, जब आईएएस या आरएएस अधिकारी उपलब्ध नहीं हो। दरअसल फरवरी के आखिरी या मार्च के पहले सप्ताह में राज्य निर्वाचन आयोग प्रदेश में सभी पंचायतों में चुनाव का शेड्यूल जारी कर सकता है। इसके लिए वोटर लिस्ट तैयार करने के भी निर्देश जारी करते हुए सभी पंचायत समितियों में RO और ARO की नियुक्ति के भी आदेश दिए है। चूंकि पंचायत समितियां प्रदेश में ज्यादा है और उन सभी में एक साथ चुनाव करवाए जाने है ताे ऐसे में RO के पद पर नियुक्ति को लेकर कुछ गाइडलाइन जारी की है। ट्रेनी आईएएस, आरएएस को नहीं लगाने के निर्देश इस गाइडलाइन में आयोग ने RO और ARO के पद पर ट्रेनी (प्रशिक्षण काल में चल रहे) अधिकारियों (आईएएस, आरएएस) को नहीं लगाने के आदेश दिए है। इसके साथ ही अगर किसी पंचायत समिति में रिटर्निंग ऑफिसर के पद के लिए आईएएस या आरएएस अधिकारी नहीं मिलता है तो निर्वाचन आयोग की अनुमति के बाद वहां तहसीलदार को भी रिटर्निंग अधिकारी के तौर पर नियुक्त किया जा सकता है। नायब तहसीलदर को ARO लगा सकेंगे इसके अलाव पंचायत समितियों में ARO के पद पर भी तहसीलदार के साथ-साथ नायब तहसीलदार को नियुक्त किया जा सकता है। 14 हजार से ज्यादा सरपंच चुने जाएंगे इस साल मार्च में प्रदेश के सभी जिला परिषद सदस्यों, पंचायत समिति सदस्यों और ग्राम पंचायत सदस्यों के चुनाव करवाए जाएंगे। इन चुनावों में 41 जिला प्रमुख, करीब 450 प्रधान और करीब 14 हजार 635 सरपंच का निर्वाचन होगा।


