नालंदा में मैट्रिक एग्जाम दे रहे एक छात्र की संदिग्ध हालत में मौत हो गई है। परिजनों का आरोप है मकान मालिक ने उसे धक्का दिया था। मृतक की पहचान सरमेरा के महमदपुर निवासी शमली यादव के बेटे (16) संतोष कुमार के तौर पर हुई है। घटना राजगीर थाना क्षेत्र के पीटीजीएम कॉलेज के पास की है। ममेरे भाई तनिक कुमार ने बताया कि गांव के ही 8-9 लड़कों के साथ मैट्रिक की परीक्षा देने के लिए राजगीर गया हुआ था। रविवार की रात खाना खाने के बाद नल पर बर्तन धो रहा था। पानी ज्यादा गिर गया था। जिससे मकान मालिक गुस्सा हो गया। उसने लात से मारा और धक्का दे दिया। जिससे वह गंभीर रूप से जख्मी हो गया। आनन-फानन में साथ गए बच्चों ने अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से बेहतर इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। संतोष चार भाई-बहन में सबसे छोटा था। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से कारण स्पष्ट होगा राजगीर थाना के प्रभारी सर्किल इंस्पेक्टर संजय कुमार ने बताया कि अचानक बच्चे की तबीयत बिगड़ गई थी। जिसके बाद उसे इलाज के लिए परिजन ही सिलाव स्थित निजी क्लीनिक ले गए। जहां से बेहतर इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। आवेदन मिलने पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मौत के कारणों का पता चल सकेगा। प्रथम दृष्टया बीमारी की वजह से मौत का मामला प्रतीत हो रहा है। नालंदा में मैट्रिक एग्जाम दे रहे एक छात्र की संदिग्ध हालत में मौत हो गई है। परिजनों का आरोप है मकान मालिक ने उसे धक्का दिया था। मृतक की पहचान सरमेरा के महमदपुर निवासी शमली यादव के बेटे (16) संतोष कुमार के तौर पर हुई है। घटना राजगीर थाना क्षेत्र के पीटीजीएम कॉलेज के पास की है। ममेरे भाई तनिक कुमार ने बताया कि गांव के ही 8-9 लड़कों के साथ मैट्रिक की परीक्षा देने के लिए राजगीर गया हुआ था। रविवार की रात खाना खाने के बाद नल पर बर्तन धो रहा था। पानी ज्यादा गिर गया था। जिससे मकान मालिक गुस्सा हो गया। उसने लात से मारा और धक्का दे दिया। जिससे वह गंभीर रूप से जख्मी हो गया। आनन-फानन में साथ गए बच्चों ने अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से बेहतर इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। संतोष चार भाई-बहन में सबसे छोटा था। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से कारण स्पष्ट होगा राजगीर थाना के प्रभारी सर्किल इंस्पेक्टर संजय कुमार ने बताया कि अचानक बच्चे की तबीयत बिगड़ गई थी। जिसके बाद उसे इलाज के लिए परिजन ही सिलाव स्थित निजी क्लीनिक ले गए। जहां से बेहतर इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। आवेदन मिलने पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मौत के कारणों का पता चल सकेगा। प्रथम दृष्टया बीमारी की वजह से मौत का मामला प्रतीत हो रहा है।


