बिहार शरीफ नगर निगम के राजस्व प्रबंधन को लेकर शुक्रवार को नगर आयुक्त कुमार निशांत विवेक की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें राजस्व वसूली की समीक्षा के साथ-साथ शहर में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए कड़े निर्देश जारी किए गए। बैठक में सामने आई जानकारी के अनुसार, चालू वित्तीय वर्ष में निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले अब तक मात्र 78.50 प्रतिशत राजस्व की वसूली हो पाई है। इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए नगर आयुक्त ने सभी कर संग्राहकों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि 15 मार्च 2026 तक किसी भी स्थिति में शत-प्रतिशत लक्ष्य की प्राप्ति सुनिश्चित की जाए। ट्रेड लाइसेंस पर सख्ती नगर आयुक्त ने बैठक में कहा कि शहर में बड़ी संख्या में व्यावसायिक प्रतिष्ठान बिना ट्रेड लाइसेंस के संचालित हो रहे हैं, जो नगर निगम के राजस्व में भारी कमी का कारण बन रहा है। इस संबंध में सभी कर संग्राहकों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने वार्ड में ऐसे सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की विस्तृत सूची 5 फरवरी 2026 तक नगर निगम कार्यालय को उपलब्ध कराएं। इसके बाद इन प्रतिष्ठानों को विधिवत नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। अवैध विज्ञापनों पर कार्रवाई शहर की सुंदरता को बिगाड़ने वाले अनाधिकृत बैनर, पोस्टर और तोरणद्वारों के खिलाफ भी सख्त रुख अपनाया जाएगा। नगर आयुक्त ने निर्देश दिया है कि सभी कर संग्राहक दो दिनों के भीतर अपने वार्ड में लगे ऐसे सभी अवैध विज्ञापनों की सूची तैयार कर कार्यालय को सौंपें। संबंधित एजेंसियों और व्यक्तियों पर दंड शुल्क अधिरोपित करते हुए इन अवैध विज्ञापनों को तत्काल हटवाया जाएगा। नाला जाम करने वालों पर होगी कार्रवाई शहर में नालों के जाम होने की समस्या पर भी चिंता व्यक्त करते हुए नगर आयुक्त ने कहा कि कुछ लोग अनाधिकृत रूप से नालों में गोबर और अन्य कचरा फेंकते हैं, जिससे जल निकासी व्यवस्था बाधित होती है। ऐसे व्यक्तियों की पहचान कर उन पर दंड शुल्क लगाने का निर्देश दिया गया है। अवैध निर्माण और अतिक्रमण पर नकेल बैठक में अवैध भवन निर्माण के मुद्दे पर भी विस्तार से चर्चा हुई। नगर आयुक्त ने सभी कर संग्राहकों को स्पष्ट निर्देश दिया कि जो भवन बिना नक्शा स्वीकृति के बनाए जा रहे हैं, उन पर तत्काल रोक लगाई जाए और विधिसम्मत कार्रवाई की जाए। साथ ही, वार्ड में हुए समस्त अतिक्रमणों की सूची भी कार्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। बिहार शरीफ नगर निगम के राजस्व प्रबंधन को लेकर शुक्रवार को नगर आयुक्त कुमार निशांत विवेक की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें राजस्व वसूली की समीक्षा के साथ-साथ शहर में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए कड़े निर्देश जारी किए गए। बैठक में सामने आई जानकारी के अनुसार, चालू वित्तीय वर्ष में निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले अब तक मात्र 78.50 प्रतिशत राजस्व की वसूली हो पाई है। इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए नगर आयुक्त ने सभी कर संग्राहकों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि 15 मार्च 2026 तक किसी भी स्थिति में शत-प्रतिशत लक्ष्य की प्राप्ति सुनिश्चित की जाए। ट्रेड लाइसेंस पर सख्ती नगर आयुक्त ने बैठक में कहा कि शहर में बड़ी संख्या में व्यावसायिक प्रतिष्ठान बिना ट्रेड लाइसेंस के संचालित हो रहे हैं, जो नगर निगम के राजस्व में भारी कमी का कारण बन रहा है। इस संबंध में सभी कर संग्राहकों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने वार्ड में ऐसे सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की विस्तृत सूची 5 फरवरी 2026 तक नगर निगम कार्यालय को उपलब्ध कराएं। इसके बाद इन प्रतिष्ठानों को विधिवत नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। अवैध विज्ञापनों पर कार्रवाई शहर की सुंदरता को बिगाड़ने वाले अनाधिकृत बैनर, पोस्टर और तोरणद्वारों के खिलाफ भी सख्त रुख अपनाया जाएगा। नगर आयुक्त ने निर्देश दिया है कि सभी कर संग्राहक दो दिनों के भीतर अपने वार्ड में लगे ऐसे सभी अवैध विज्ञापनों की सूची तैयार कर कार्यालय को सौंपें। संबंधित एजेंसियों और व्यक्तियों पर दंड शुल्क अधिरोपित करते हुए इन अवैध विज्ञापनों को तत्काल हटवाया जाएगा। नाला जाम करने वालों पर होगी कार्रवाई शहर में नालों के जाम होने की समस्या पर भी चिंता व्यक्त करते हुए नगर आयुक्त ने कहा कि कुछ लोग अनाधिकृत रूप से नालों में गोबर और अन्य कचरा फेंकते हैं, जिससे जल निकासी व्यवस्था बाधित होती है। ऐसे व्यक्तियों की पहचान कर उन पर दंड शुल्क लगाने का निर्देश दिया गया है। अवैध निर्माण और अतिक्रमण पर नकेल बैठक में अवैध भवन निर्माण के मुद्दे पर भी विस्तार से चर्चा हुई। नगर आयुक्त ने सभी कर संग्राहकों को स्पष्ट निर्देश दिया कि जो भवन बिना नक्शा स्वीकृति के बनाए जा रहे हैं, उन पर तत्काल रोक लगाई जाए और विधिसम्मत कार्रवाई की जाए। साथ ही, वार्ड में हुए समस्त अतिक्रमणों की सूची भी कार्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है।


