सिरसा में नाबालिग छात्रा के साथ रेप मामले में दोषी को सजा सुनाई गई है। इस मामले में आज शुक्रवार को डॉ. नरेश सिंघल की फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने आरोपी युवक को दोषी करार देते हुए 20 साल की सजा सुनाई है। साथ ही दोषी पर 61 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। मामले में सरकारी अधिवक्ता अमित मेहता का कहना है कि ये घटना सिरसा के रानियां क्षेत्र के गांव की है और साल 2022 की है। कोर्ट ने पीड़िता को भी दो लाख रुपए सरकारी सहायता देने की भी प्रावधान किया है। पीड़िता परिवार ने कोर्ट का आभार जताया है कि उनको न्याय मिला है। दोषी युवक भी नाबालिग के गांव का रहने वाला है। उसका उनके घर पर आना-जाना था। इसी का गलत फायदा युवक ने उठाया और लड़की से जबरदस्ती गलत काम किया। जानिएं पूरा मामला क्या है घरवाले गए थे बाहर पुलिस को दी शिकायत में पीड़ित छात्रा ने बताया कि वह सरकारी स्कूल में पढ़ती है। उसके गांव का पड़ोसी भूषण के साथ उनका आना-जाना था और वह अक्सर उनके घर आता था। एक दिन वह घर पर अकेली थी और उसकी मां खेत में गई थी और भाई-बहन बाहर गए हुए थे। उसी वक्त भूषण उनके घर आया और उसे कहने लगा कि वह उससे प्यार करता है और शादी करेगा। गत तीन महीनों से पहले जानती थी और बातचीत होने लगी थी। वह उसे जगह-जगह पर टच करने लगा। उसने मना किया तो वह जबरदस्ती करने लगा। उसने ये बात अपनी मां को बताने की कही तो धमकी देने लगा। इस पर वह चुप रही और कुछ देर बाद वह चला गया। अगस्त 2022 की घटना, प्लॉट में ले जाकर गलत काम किया उसी दिन 4 अगस्त 2022 को रात को वह फिर आया और उसे किसी बहाने खाली प्लॉट में ले गया। वहां पर उसके साथ गलत काम किया। जब ये बात घरवालों को बताई तो मां के साथ थाने पहुंची। इस पर पुलिस ने पीड़िता की काउंसलिंग करवाई और सिविल अस्पताल में मेडिकल करवाया गया। इस पर रेप होना पाया गया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और घटनास्थल की निशानदेही करवाई। अब पुलिस कागजी कार्रवाई के बाद पीड़िता को न्याय मिला।


