Side Effects Of Eating Eggs: अंडा प्रोटीन का बढ़िया स्रोत है और बहुत लोग इसे अपनी डाइट में रोज शामिल करते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि रोजाना अंडा खाने से शरीर पर कुछ अप्रत्याशित असर भी पड़ सकते हैं? अधिक मात्रा में अंडा खाने से हार्ट हेल्थ, कोलेस्ट्रॉल और पाचन प्रणाली पर असर हो सकता है। इस आर्टिकल में जानें रोजाना अंडा खाने के संभावित दुष्प्रभाव और सावधानियां।
बायोटिन के अवशोषण में रुकावट
कच्चे अंडे की सफेदी में ‘एविडिन’ नामक प्रोटीन होता है, जो बायोटिन (Vitamin B7) के अवशोषण को रोक सकता है। लंबे समय तक कच्चे अंडे खाने से बालों का झड़ना, स्किन प्रॉब्लम्स और थकान जैसी समस्याएं हो सकती हैं। हालांकि, अंडे को अच्छी तरह पकाने से एविडिन निष्क्रिय हो जाता है और यह समस्या नहीं रहती।
कोलेस्ट्रॉल बढ़ने का खतरा
अंडे की जर्दी में डाइटरी कोलेस्ट्रॉल अधिक मात्रा में पाया जाता है। अगर कोई व्यक्ति पहले से हाई कोलेस्ट्रॉल या दिल की समस्या से जूझ रहा है, तो रोजाना ज्यादा अंडे खाने से LDL (खराब कोलेस्ट्रॉल) बढ़ सकता है। हालांकि, यह असर हर व्यक्ति में समान नहीं होता लाइफस्टाइल, एक्सरसाइज और जेनेटिक फैक्टर भी इसमें अहम भूमिका निभाते हैं।
एलर्जी की समस्या
कुछ लोगों को अंडे से एलर्जी हो सकती है, खासकर बच्चों में यह समस्या ज्यादा देखी जाती है। अंडा खाने के बाद खुजली, स्किन रैश, उल्टी या सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण दिख सकते हैं। गंभीर मामलों में यह एनाफिलेक्सिस जैसी खतरनाक स्थिति भी पैदा कर सकता है। ऐसे लोगों को अंडे से पूरी तरह परहेज करना चाहिए।
पाचन संबंधी परेशानियां
हर किसी का डाइजेस्टिव सिस्टम अंडे को एक जैसा रिस्पॉन्ड नहीं करता। कुछ लोगों को अंडा खाने के बाद गैस, ब्लोटिंग, एसिडिटी या पेट दर्द की शिकायत हो सकती है। अंडा किस रूप में खाया जा रहा है उबला, ऑमलेट, भुर्जी या आधा पका यह भी पाचन पर असर डालता है।
संक्रमण का जोखिम
कच्चे या अधपके अंडों में साल्मोनेला बैक्टीरिया होने का खतरा रहता है, जिससे फूड पॉइजनिंग हो सकती है। इसके लक्षणों में उल्टी, दस्त, बुखार और पेट में तेज दर्द शामिल हैं। गर्भवती महिलाएं, बुज़ुर्ग, बच्चे और कमजोर इम्यूनिटी वाले लोगों को हमेशा अच्छी तरह पका हुआ अंडा ही खाना चाहिए।


