सिद्धार्थनगर के उसका बाजार क्षेत्र से जुड़े छेड़खानी के एक मामले में सोमवार को न्यायालय ने अहम फैसला सुनाया है। वर्ष 2017 की इस घटना में आरोपी को दो वर्ष के कारावास और तीन हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है। यह मामला एक महिला के साथ की गई छेड़खानी से संबंधित है। पीड़िता की शिकायत पर प्रकरण दर्ज किया गया था। आरोपी की पहचान मकोधर उर्फ कृष्णमोहन पुत्र गिरजा साहनी, निवासी रानीगंज मोगलहा, थाना उसका बाजार क्षेत्र के रूप में हुई है। सुनवाई के दौरान न्यायालय ने गवाहों के बयान और प्रस्तुत साक्ष्यों पर विचार किया। अभियोजन पक्ष की दलीलों के आधार पर एएसजे/विशेष एससी-एसटी न्यायालय के न्यायाधीश मनोज कुमार तिवारी ने आरोपी को भारतीय दंड संहिता की धारा 354 तथा एससी/एसटी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत दोषी ठहराया। कोर्ट ने अपने निर्णय में टिप्पणी की कि महिलाओं की गरिमा और सम्मान के साथ किया गया अपराध गंभीर श्रेणी में आता है। ऐसे मामलों में कठोर दंड आवश्यक है, क्योंकि इस प्रकार के अपराध समाज में असुरक्षा की भावना पैदा करते हैं। इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता ईश्वर चंद्र दूबे ने पैरवी की। न्यायालय पैरोकार मुख्य आरक्षी श्रीनिवास पासवान ने अभिलेखों के समय पर प्रस्तुतीकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।


