सलूंबर जिले के बरोड़ा गांव में हिंदू नववर्ष के अवसर पर नौ दिवसीय श्रीराम कथा प्रेमयज्ञ का शुभारंभ हुआ। गुरुवार को 5100 कलशों की भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसने पूरे क्षेत्र में धार्मिक उत्साह भर दिया। यह आयोजन 19 से 27 मार्च तक चलेगा और सलूंबर जिले के बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक है। शोभायात्रा सुबह 9:30 बजे बरोड़ा जी मंदिर से शुरू हुई। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। गांव की गलियों और मुख्य मार्गों पर “जय श्रीराम” के जयकारे गूंजते रहे। शोभायात्रा विभिन्न रास्तों से होते हुए पाटिया मैदान स्थित कथा स्थल पर पहुंची, जहां इसका भव्य स्वागत किया गया। इस यात्रा का मुख्य आकर्षण 5100 से अधिक महिलाएं थीं, जो सिर पर कलश धारण कर एक समान वेशभूषा में चल रही थीं। छोटे बच्चों ने हाथों में केसरिया ध्वज लहराए, जिससे आयोजन में नई ऊर्जा का संचार हुआ। शोभायात्रा में युवाओं, बुजुर्गों और महिलाओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया। साधु-संतों की उपस्थिति ने आयोजन को आध्यात्मिक महत्व दिया। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान सलूंबर विश्व हिंदू परिषद, युवा शक्ति, मातृ शक्ति और बालिकाओं ने व्यायाम प्रदर्शन भी किया। कथावाचक कमलेश भाई शास्त्री (खडगदा) प्रतिदिन सुबह 11:30 बजे से दोपहर 3:30 बजे तक पाटिया मैदान में श्रीराम कथा का वाचन करेंगे। कथा के बाद श्रद्धालुओं के लिए प्रतिदिन महाप्रसाद की व्यवस्था भी की गई है। इस धार्मिक आयोजन के मुख्य यजमान नीमा देवी-हितेश सेवक और कला देवी-चुन्नीलाल सेवक हैं। कार्यक्रम को सफल बनाने में स्थानीय ग्रामीणों और आयोजक समिति का विशेष योगदान रहा है। नौ दिवसीय इस श्रीराम कथा प्रेमयज्ञ को लेकर पूरे सलूंबर क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल बना हुआ है। श्रद्धालु बड़ी संख्या में कथा श्रवण के लिए पहुंच रहे हैं और बरोड़ा गांव इन दिनों भक्ति, श्रद्धा और उल्लास का केंद्र बना हुआ है। 27 मार्च को पूर्णाहुति के साथ इस भव्य आयोजन का समापन होगा।


