भास्कर संवाददाता | तनोड़िया समीपस्थ ग्राम सुनारिया सामाकोटा के बीच में कालीसिंध नदी में स्थित सोमेश्वर महादेव मंदिर परिसर में ग्रामीणों द्वारा चल रही श्रीमद् भागवत के छठे दिन श्री कृष्ण रुक्मिणी विवाह धूमधाम से मनाया गया। साथ ही कथा में अमर कथा और सुखदेव जी के जन्म का वृतांत का विस्तार से वर्णन किया। कथा वाचक पंडित प्रेमनारायण शर्मा ने कथा की शुरुआत करते हुए कहा कि आप सब पर ठाकुर जी की कृपा है जिसकी वजह से आप महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर कथा का आनंद ले रहे हैं। श्रीमद् भागवत कथा का रसपान कर पा रहे हैं क्योंकि जिन्हें गोविंद प्रदान करते हैं जितना प्रदान करते हैं उसे उतना ही मिलता है। कथा में यह भी बताया कि अगर आप भागवत कथा सुनकर कुछ पाना चाहते हैं कुछ सीखना चाहते हैं तो कथा में प्यासे बनकर आए कुछ सीखने के उद्देश्य से कुछ पाने के उद्देश्य से आए तो यह भागवत कथा जरूर आपको कुछ नहीं बल्कि बहुत कुछ देगी। मनुष्य जीवन विषय वस्तु को भोगने के लिए नहीं मिला है, लेकिन आज का मानव भगवान की भक्ति को छोड़ विषय वस्तु को भोगने में लगा हुआ है। उसका सारा ध्यान सांसारिक विषयों को भोगने में ही लगा हुआ है। हमारे जीवन का उद्देश्य कृष्ण को पाकर ही जीवन छोड़ना है और अगर हम यह दृढ़ निश्चय कर लेंगे की हमें जीवन में कृष्ण को पाना ही है तो हमारे लिए इससे प्रभु से बढ़कर कोई और सुख संपत्ति या संपदा नहीं है। रविवार को पूर्णाहुति एवं महाप्रसादी भोग लगाया जाएगा। और प्रतिनिधि भक्तों द्वारा भंडारा आयोजित किया जा रहा है। 9 फरवरी से पं. राजेश पुरोहित, गोविंद पुरोहित शास्त्री, पं. हरिओम शास्त्री द्वारा प्रतिदिन रुद्राभिषेक एवं एक कुंडीय शिव शक्ति यज्ञ सुबह 8 बजे किया जा रहा जिसकी पूर्णाहुति रविवार को महाशिवरात्रि पर आज होगी। बड़ी संख्या में भीमपुरा,भाताखेड़ा कुमारिया, गुंदीकलां, राघौगढ़, लापाखेड़ी,पिपल्या सादीकपुर,बरखेड़ा, ठिकरिया, थड़ौदा और उज्जैन जिले के गांव सामाकोटा, घट्टिया जस्सा, नीमखेड़ाआदि गांवों से भक्त आ रहे हैं। पुजारी हेमनाथ योगी ने कहा कि यहां पर दो जिले की सीमा लगती है। आगर मालवा जिला और उज्जैन जिला दोनों जिला के बिच नदी में स्थित सोमेश्वर महादेव मंदिर बहुत चमत्कारी मंदिर हैं। यहां 19 वर्ष से लगातार महाशिवरात्रि पर्व पर कार्यक्रम हो रहा है।


