Iran protests live fire: ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शन थमने का नाम ही नहीं ले रहे हैं। इसी बीच एक हैरान करने वाली जानकारी सामने आई है। देश के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई ने प्रदर्शनकारियों पर सीधी गोलीबारी की अनुमति दी थी। इस बात का खुलासा ईरान इंटरनेशनल की एक रिपोर्ट में हुआ है।
इसके साथ ही रिपोर्ट में दावा किया गया कि यह फैसला सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के जरिए औपचारिक रूप से लिया गया, जिसमें सरकार की तीनों शाखाओं-कार्यपालिका, विधायिका और न्यायपालिका-के प्रमुखों की पूरी जानकारी और सहमति शामिल थी। गोलीबारी की जिम्मेदारी मुख्य रूप से इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) और बसीज मिलिशिया पर बताई गई है।
जांच के बाद किया गया खुलासा
ईरान इंटरनेशनल के अनुसार, यह खुलासा एक बहु-स्तरीय जांच के बाद किया गया। जांच में सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल से जुड़े सूत्रों, राष्ट्रपति कार्यालय के अधिकारियों, मशहद, केरमानशाह और इस्फहान में IRGC से जुड़े स्रोतों, प्रत्यक्षदर्शियों, पीड़ित परिवारों की गवाही, अस्पतालों के आंकड़ों और डॉक्टरों-नर्सों से मिली जानकारियों को शामिल किया गया।
मरने वालों की संख्या पहुंची 2 हजार
वहीं मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस हिंसा में मरने वालों की संख्या 2 हजार पहुंच गई है। इसके अलावा यह भी दावा किया जा रहा है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है।
एसोसिएटेड प्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले कई दिनों में पहली बार मंगलवार को कुछ ईरानी विदेश में फोन करने में सक्षम हुए और उन्होंने जमीनी हालात की जानकारी दी। फोन पर बातचीत में ईरानियों ने भारी सुरक्षा तैनाती, सार्वजनिक संपत्ति को व्यापक नुकसान और भविष्य को लेकर गहरी अनिश्चितता का वर्णन किया।
सरकार ने जारी नहीं किया आधिकारिक आंकड़ा
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अब तक 10,700 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है, हालांकि ईरानी सरकार ने आधिकारिक तौर पर हताहतों का कोई आंकड़ा जारी नहीं किया है। वहीं, एसोसिएटेड प्रेस ने कहा है कि इंटरनेट बंदी और रिपोर्टिंग पर पाबंदियों के कारण इन आंकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि संभव नहीं हो पा रही है।


