दरभंगा के जिलाधिकारी कौशल कुमार ने आज समाहरणालय परिसर स्थित विभिन्न शाखाओं और कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य कार्यालयों में कार्य-संस्कृति को सुदृढ़ करना, साफ-सफाई सुनिश्चित करना तथा सुव्यवस्थित कार्य-परिवेश स्थापित करना था। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी शाखा प्रभारियों को स्पष्ट रूप से “वर्क एरिया” चिन्हित कर उसे सुसज्जित और व्यवस्थित रखने का निर्देश दिया, ताकि काम निष्पादन में पारदर्शिता और दक्षता बनी रहे। विधि शाखा में पुरानी एवं अनुपयोगी सामग्री पाए जाने पर उसे तत्काल हटाने का निर्देश दिया गया। नजारत शाखा में रैक को सुव्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए, ताकि अभिलेखों का बेहतर संधारण हो सके। शाखा की छत की मरम्मत के भी निर्देश दिए जिलाधिकारी ने विकास आयुक्त को निर्देशित किया कि विकास शाखा को उप विकास आयुक्त परिसर में स्थानांतरित किया जाए, जिससे कार्यों में बेहतर समन्वय स्थापित हो। स्थापना शाखा में अभिलेख रखने के लिए पैनल निर्माण के प्रस्ताव पर कार्यपालक अभियंता, भवन निर्माण विभाग को आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया। आपूर्ति शाखा की छत की मरम्मत के भी निर्देश दिए गए। आईटी कोषांग के स्थान पर अत्याधुनिक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष स्थापित करने और आईटी कोषांग को एनआईसी के समीप स्थानांतरित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही एनआईसी क्षेत्र के समुचित विकास के लिए प्लान तैयार करने को कहा गया। आईसीडीएस कार्यालय में दो छोटे कमरों के बीच की दीवार हटाकर एकीकृत कक्ष बनाने का निर्देश दिया गया। सामाजिक सुरक्षा कार्यालय एवं जिला प्रोग्राम पदाधिकारी कार्यालय के लिए प्राक्कलन तैयार करने को कहा गया। कार्यालय अधीक्षक कक्ष को सुसज्जित करने और समाहरणालय स्थित वेटिंग हॉल को “मॉडल हॉल” के रूप में विकसित करने हेतु भी प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया गया। इसके अलावा भू-अर्जन, आपदा, राजस्व, नीलाम पत्र, जिला लोक शिकायत निवारण एवं निर्वाचन शाखा सहित अन्य कार्यालयों का भी निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस दौरान वरीय पुलिस अधीक्षक, सहायक समाहर्ता, उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता एवं अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। कामेश्वरी प्रिया राजकीय मूक-बधिर विद्यालय में जूते-चप्पल का वितरण कामेश्वरी प्रिया राजकीय मूक-बधिर विद्यालय में अध्ययनरत श्रवण और वाक बाधित छात्र-छात्राओं के बीच जूते और चप्पलों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम जिलाधिकारी कौशल कुमार के निर्देशानुसार आयोजित किया गया। दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के सहायक निदेशक आशीष अमन ने बच्चों के बीच सामग्री वितरित की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन विशेष बच्चों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए निरंतर प्रयासरत है। इससे पहले बिहार सरकार के समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी द्वारा विद्यालय के छात्रों के बीच टी-शर्ट, लोअर और स्वेटर का वितरण किया जा चुका है। जिला प्रशासन और समाज कल्याण विभाग के इन प्रयासों को दिव्यांग बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। दरभंगा के जिलाधिकारी कौशल कुमार ने आज समाहरणालय परिसर स्थित विभिन्न शाखाओं और कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य कार्यालयों में कार्य-संस्कृति को सुदृढ़ करना, साफ-सफाई सुनिश्चित करना तथा सुव्यवस्थित कार्य-परिवेश स्थापित करना था। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी शाखा प्रभारियों को स्पष्ट रूप से “वर्क एरिया” चिन्हित कर उसे सुसज्जित और व्यवस्थित रखने का निर्देश दिया, ताकि काम निष्पादन में पारदर्शिता और दक्षता बनी रहे। विधि शाखा में पुरानी एवं अनुपयोगी सामग्री पाए जाने पर उसे तत्काल हटाने का निर्देश दिया गया। नजारत शाखा में रैक को सुव्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए, ताकि अभिलेखों का बेहतर संधारण हो सके। शाखा की छत की मरम्मत के भी निर्देश दिए जिलाधिकारी ने विकास आयुक्त को निर्देशित किया कि विकास शाखा को उप विकास आयुक्त परिसर में स्थानांतरित किया जाए, जिससे कार्यों में बेहतर समन्वय स्थापित हो। स्थापना शाखा में अभिलेख रखने के लिए पैनल निर्माण के प्रस्ताव पर कार्यपालक अभियंता, भवन निर्माण विभाग को आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया। आपूर्ति शाखा की छत की मरम्मत के भी निर्देश दिए गए। आईटी कोषांग के स्थान पर अत्याधुनिक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष स्थापित करने और आईटी कोषांग को एनआईसी के समीप स्थानांतरित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही एनआईसी क्षेत्र के समुचित विकास के लिए प्लान तैयार करने को कहा गया। आईसीडीएस कार्यालय में दो छोटे कमरों के बीच की दीवार हटाकर एकीकृत कक्ष बनाने का निर्देश दिया गया। सामाजिक सुरक्षा कार्यालय एवं जिला प्रोग्राम पदाधिकारी कार्यालय के लिए प्राक्कलन तैयार करने को कहा गया। कार्यालय अधीक्षक कक्ष को सुसज्जित करने और समाहरणालय स्थित वेटिंग हॉल को “मॉडल हॉल” के रूप में विकसित करने हेतु भी प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया गया। इसके अलावा भू-अर्जन, आपदा, राजस्व, नीलाम पत्र, जिला लोक शिकायत निवारण एवं निर्वाचन शाखा सहित अन्य कार्यालयों का भी निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस दौरान वरीय पुलिस अधीक्षक, सहायक समाहर्ता, उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता एवं अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। कामेश्वरी प्रिया राजकीय मूक-बधिर विद्यालय में जूते-चप्पल का वितरण कामेश्वरी प्रिया राजकीय मूक-बधिर विद्यालय में अध्ययनरत श्रवण और वाक बाधित छात्र-छात्राओं के बीच जूते और चप्पलों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम जिलाधिकारी कौशल कुमार के निर्देशानुसार आयोजित किया गया। दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के सहायक निदेशक आशीष अमन ने बच्चों के बीच सामग्री वितरित की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन विशेष बच्चों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए निरंतर प्रयासरत है। इससे पहले बिहार सरकार के समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी द्वारा विद्यालय के छात्रों के बीच टी-शर्ट, लोअर और स्वेटर का वितरण किया जा चुका है। जिला प्रशासन और समाज कल्याण विभाग के इन प्रयासों को दिव्यांग बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


