गोगरी प्रखंड क्षेत्रों में आज सुबह से कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। ठंडी पछुआ हवाओं के कारण कनकनी बढ़ गई है, जिससे दृश्यता बेहद कम हो गई है। अधिकांश लोग घरों में ही रहने को मजबूर हैं। इस ठंड से गरीब और मजदूर वर्ग सबसे अधिक प्रभावित है। नए साल के पहले दिन, यानी आज 1 जनवरी को, गोगरी के बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। बच्चे और बुजुर्ग घरों में ही दुबके रहे, गर्म कपड़ों और चाय-कॉफी का सहारा लेते दिखे। प्रखंड क्षेत्रों में शीतलहर का अलर्ट जारी किया गया है। इस वर्ष की सर्दी को पिछले साल से अधिक बताया जा रहा है, और आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट की संभावना है। अलाव की व्यवस्था नहीं गोगरी अनुमंडलीय पदाधिकारी कृतिका मिश्रा ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। हालांकि, प्रशासन की ओर से अभी तक पंचायतों में अलाव की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। डॉक्टरों की सलाह गोगरी अनुमंडलीय चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश ने क्षेत्रवासियों को ठंड से बचाव के लिए महत्वपूर्ण सलाह दी है। उन्होंने बताया कि ठंड से ब्रेन और हार्ट स्ट्रोक का खतरा बढ़ता है। डॉ. प्रकाश ने गर्म कपड़े पहनने, गर्म भोजन लेने, गुनगुने पानी से नहाने, अदरक वाली चाय पीने और अदरक चबाने की सलाह दी ताकि शरीर गर्म रहे। गोगरी प्रखंड क्षेत्रों में आज सुबह से कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। ठंडी पछुआ हवाओं के कारण कनकनी बढ़ गई है, जिससे दृश्यता बेहद कम हो गई है। अधिकांश लोग घरों में ही रहने को मजबूर हैं। इस ठंड से गरीब और मजदूर वर्ग सबसे अधिक प्रभावित है। नए साल के पहले दिन, यानी आज 1 जनवरी को, गोगरी के बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। बच्चे और बुजुर्ग घरों में ही दुबके रहे, गर्म कपड़ों और चाय-कॉफी का सहारा लेते दिखे। प्रखंड क्षेत्रों में शीतलहर का अलर्ट जारी किया गया है। इस वर्ष की सर्दी को पिछले साल से अधिक बताया जा रहा है, और आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट की संभावना है। अलाव की व्यवस्था नहीं गोगरी अनुमंडलीय पदाधिकारी कृतिका मिश्रा ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। हालांकि, प्रशासन की ओर से अभी तक पंचायतों में अलाव की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। डॉक्टरों की सलाह गोगरी अनुमंडलीय चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश ने क्षेत्रवासियों को ठंड से बचाव के लिए महत्वपूर्ण सलाह दी है। उन्होंने बताया कि ठंड से ब्रेन और हार्ट स्ट्रोक का खतरा बढ़ता है। डॉ. प्रकाश ने गर्म कपड़े पहनने, गर्म भोजन लेने, गुनगुने पानी से नहाने, अदरक वाली चाय पीने और अदरक चबाने की सलाह दी ताकि शरीर गर्म रहे।


