बैकुंठपुर। कोरिया जिले के एसईसीएल चरचा कॉलरी के कोल हैंडलिंग प्लांट (सीएचपी) में अवैध उगाही का वीडियो वायरल होने के बाद आनन-फानन में 2 श्रमिकों को अन्यत्र तबादला कर दिया गया है। अवैध वसूली को लेकर एक वीडियो 9 अप्रैल को वायरल (SECL viral video) हुआ। इसके बाद कॉलरी क्षेत्र में सनसनी फैल गई। वायरल वीडियो में सीएचपी में कार्यरत 2 श्रमिक कर्मचारी आपस में बातचीत कर रहे हैं। इसमें सीएचपी के श्रमिकों से प्रतिमाह अवैध वसूली की राशि की बात की जा रही है।
वीडियो में स्पष्ट सुनाई दे रहा है कि किसे कितना पैसा देना है और क्यों देना है..? वीडियो में श्रमिक कहते दिखाई दे रहे हैं कि संडे ड्यूटी दिलाने, ओवरटाइम के एवज में रुपए (SECL viral video) मांगे जाते हैं। एसईसीएल के अधिकारी इन रुपयों को लेते हैं। फिलहाल वीडियो वायरल होने के बाद सिस्टम पर सवाल खड़े हो गए हैं।
वीडियो वायरल होने के महज चंद घंटे के भीतर 9 अप्रैल को दोनों कर्मचारियों का ट्रांसफर कर दिया गया। हालांकि, जिन अधिकारियों के खिलाफ वीडियो (SECL viral video) में आरोप लगा रहे हैं,उनसे किसी भी प्रकार की पूछताछ नहीं हुई है।
SECL viral video: न नोटिस और न जांच, सीधे तबादला आदेश
कर्मियों के अनुसार, कालरी प्रबंधन किसी विवाद, अनुशासनहीनता या लापरवाही के मामले में पहले नोटिस जारी कर जवाब मांगता है। लेकिन इस मामले (SECL viral video) में बिना किसी सूचना या स्पष्टीकरण के सीधे ट्रांसफर कर दिया गया है। तबादला आदेश में कारण प्रशासनिक आधार उल्लेख किया गया है।
जबकि पीडि़त कर्मचारी अपनी ड्यूटी नियमित रूप से कर रहे हैं और आज तक किसी प्रकार के आरोप नहीं लगे हैं। बताया जाता है कि वीडियो वायरल करने वाले कर्मचारी 9 अप्रैल की रात 8 बजे तक सीएचपी में ड्यूटी पर मौजूद थे। उसी समय ट्रांसफर आदेश जारी कर दिया गया है। मामले (SECL viral video) में प्रबंधन की ओर से वायरल वीडियो की जांच तक नहीं कराई गई है।
बिना काम हाजिरी लगवाने हर महीने वसूली की चर्चा
वीडियो वायरल होने के बाद चरचा कॉलरी में जगह-जगह चर्चा हो रही है। लोग कह रहे हैं कि सीएचपी में वर्षों से अवैध वसूली का खेल जारी है। सीएचपी प्लांट अधिकारियों पर कर्मचारियों को ओवरटाइम (संडे ड्यूटी) देने, बिना काम की हाजिरी लगाने, पद के विरुद्ध आरामदायक जगह पर पोस्टिंग देने के नाम पर हर महीने 10-12 हजार (SECL viral video) तक वसूलने के आरोप हैं।
विशेषकर संडे ड्यूटी में 2 दिन का वेतन मिलता है। इसलिए अलग से 2000 प्रति ड्यूटी की वसूली होती है। मामले में सीएचपी में कार्यरत कुछ महिला कर्मचारियों ने भी आरोप लगाए हैं।
उनका कहना है कि उनके साथ गाली-गलौज और अभद्र व्यवहार करते हैं। स्थानीय कर्मचारियों और पीडि़त पक्ष ने एसईसीएल सीएमडी, बैकुंठपुर क्षेत्र के महाप्रबंधक से वायरल वीडियो में जितने अधिकारियों का नाम आ रहा है, उनके खिलाफ जांच कर कार्रवाई (SECL viral video) की मांग रखी है।


