बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद् ने नालंदा के मघड़ा स्थित प्रसिद्ध श्री शीतला माता मंदिर के प्रबंधन को लेकर एक बड़ा प्रशासनिक आदेश जारी किया है। पर्षद् के अध्यक्ष प्रो. रणवीर नंदन की ओर से जारी किए गए आदेश के तहत, बिहार शरीफ के अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) को तत्काल प्रभाव से इस मंदिर का अस्थायी न्यासधारी नियुक्त किया गया है। यह निर्णय बिहार हिन्दू धार्मिक न्यास अधिनियम, 1950 की धारा 33 के तहत लिया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य मंदिर का कुशल संचालन और सम्यक व्यवस्था सुनिश्चित करना है। बता दें कि मघड़ा (वार्ड संख्या 48) स्थित यह मंदिर बिहार हिन्दू धार्मिक न्यास अधिनियम की धारा 34 के अंतर्गत एक सार्वजनिक धार्मिक न्यास के रूप में निबंधित है। मंदिर की व्यवस्था में पारदर्शिता और बेहतर प्रबंधन की आवश्यकता को देखते हुए पर्षद् ने प्रशासनिक हस्तक्षेप का यह कदम उठाया है। इस आदेश की प्रति अनुमंडल पदाधिकारी, बिहार शरीफ को सूचनार्थ और आवश्यक कार्रवाई के लिए भेज दी गई है, ताकि वे अविलंब मंदिर के प्रबंधन की जिम्मेदारी संभाल सकें। कहीं न कहीं प्रबंधन के स्तर पर चूक हुई दरअसल बिहार राज्य धार्मिक न्यास बोर्ड के अध्यक्ष प्रो. रणवीर नंदन ने बुधवार को नालंदा के प्रसिद्ध मघड़ा शीतला मंदिर का दौरा किया था। बीते मंगलवार को मंदिर परिसर में हुई दुखद घटना के बाद स्थिति की समीक्षा करने पहुंचे अध्यक्ष ने स्पष्ट रूप से स्वीकार किया कि कहीं न कहीं प्रबंधन के स्तर पर चूक हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए मंदिर का पंजीकरण और बेहतर प्रबंधन अनिवार्य है। इसके बाद आज नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया। बता दें कि पुलिस ने मंदिर के 4 पुजारियों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही दीपनगर थानाध्यक्ष को भी सस्पेंड किया गया है। मंदिर के प्रबंधन समिति के अध्यक्ष, सचिव और कोषाध्यक्ष समेत 20 लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। गिरफ्तारी पुजारियों की पहचान अनुज कुमार पांडे, अवधेश कुमार मिश्रा, विवेकानंद पांडे, निरंजन कुमार पांडे के रूप में हुई है। 8 महिलाओं की मौत का वीडियो भी सामने आया इस भगदड़ में 8 महिलाओं की मौत का वीडियो भी सामने आया है। इसमें बड़ी संख्या में महिलाएं जमीन पर पड़ीं दिख रही हैं। लोग उन्हें उठाने की कोशिश कर रहे हैं। इस दौरान कुछ लोग लोगों को आगे धक्का देते दिखाई दे रहे हैं। कुछ महिलाएं बांस की बैरिकेडिंग को पकड़कर बचने की कोशिश कर रही हैं। लोगों के चिल्लाने की आवाज आ रही हैं। लोग कह रहे हैं डरो मत, आओ, हाथ दो। घबराओ मत। अरे उसे पहले बचाओ। घटना दीपनगर थाना क्षेत्र के मघड़ा गांव की है। चैत्र महीने के आखिरी मंगलवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस मंदिर में पहुंचे थे, लेकिन भीड़ को संभालने के लिए पुलिस और प्रशासन का कोई भी नुमाइंदा मौजूद नहीं था। भगदड़ की तस्वीरें देखिए… बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद् ने नालंदा के मघड़ा स्थित प्रसिद्ध श्री शीतला माता मंदिर के प्रबंधन को लेकर एक बड़ा प्रशासनिक आदेश जारी किया है। पर्षद् के अध्यक्ष प्रो. रणवीर नंदन की ओर से जारी किए गए आदेश के तहत, बिहार शरीफ के अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) को तत्काल प्रभाव से इस मंदिर का अस्थायी न्यासधारी नियुक्त किया गया है। यह निर्णय बिहार हिन्दू धार्मिक न्यास अधिनियम, 1950 की धारा 33 के तहत लिया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य मंदिर का कुशल संचालन और सम्यक व्यवस्था सुनिश्चित करना है। बता दें कि मघड़ा (वार्ड संख्या 48) स्थित यह मंदिर बिहार हिन्दू धार्मिक न्यास अधिनियम की धारा 34 के अंतर्गत एक सार्वजनिक धार्मिक न्यास के रूप में निबंधित है। मंदिर की व्यवस्था में पारदर्शिता और बेहतर प्रबंधन की आवश्यकता को देखते हुए पर्षद् ने प्रशासनिक हस्तक्षेप का यह कदम उठाया है। इस आदेश की प्रति अनुमंडल पदाधिकारी, बिहार शरीफ को सूचनार्थ और आवश्यक कार्रवाई के लिए भेज दी गई है, ताकि वे अविलंब मंदिर के प्रबंधन की जिम्मेदारी संभाल सकें। कहीं न कहीं प्रबंधन के स्तर पर चूक हुई दरअसल बिहार राज्य धार्मिक न्यास बोर्ड के अध्यक्ष प्रो. रणवीर नंदन ने बुधवार को नालंदा के प्रसिद्ध मघड़ा शीतला मंदिर का दौरा किया था। बीते मंगलवार को मंदिर परिसर में हुई दुखद घटना के बाद स्थिति की समीक्षा करने पहुंचे अध्यक्ष ने स्पष्ट रूप से स्वीकार किया कि कहीं न कहीं प्रबंधन के स्तर पर चूक हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए मंदिर का पंजीकरण और बेहतर प्रबंधन अनिवार्य है। इसके बाद आज नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया। बता दें कि पुलिस ने मंदिर के 4 पुजारियों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही दीपनगर थानाध्यक्ष को भी सस्पेंड किया गया है। मंदिर के प्रबंधन समिति के अध्यक्ष, सचिव और कोषाध्यक्ष समेत 20 लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। गिरफ्तारी पुजारियों की पहचान अनुज कुमार पांडे, अवधेश कुमार मिश्रा, विवेकानंद पांडे, निरंजन कुमार पांडे के रूप में हुई है। 8 महिलाओं की मौत का वीडियो भी सामने आया इस भगदड़ में 8 महिलाओं की मौत का वीडियो भी सामने आया है। इसमें बड़ी संख्या में महिलाएं जमीन पर पड़ीं दिख रही हैं। लोग उन्हें उठाने की कोशिश कर रहे हैं। इस दौरान कुछ लोग लोगों को आगे धक्का देते दिखाई दे रहे हैं। कुछ महिलाएं बांस की बैरिकेडिंग को पकड़कर बचने की कोशिश कर रही हैं। लोगों के चिल्लाने की आवाज आ रही हैं। लोग कह रहे हैं डरो मत, आओ, हाथ दो। घबराओ मत। अरे उसे पहले बचाओ। घटना दीपनगर थाना क्षेत्र के मघड़ा गांव की है। चैत्र महीने के आखिरी मंगलवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस मंदिर में पहुंचे थे, लेकिन भीड़ को संभालने के लिए पुलिस और प्रशासन का कोई भी नुमाइंदा मौजूद नहीं था। भगदड़ की तस्वीरें देखिए…


