कौशांबी के जिला मुख्यालय मंझनपुर विधानसभा के समदा में मंगलवार को कांग्रेस पार्टी ने ‘मनरेगा बचाओ महासंग्राम अभियान’ के तहत एक चौपाल का आयोजन किया। इस चौपाल का नेतृत्व कांग्रेस की महिला नेत्री संगीता कोरी ने किया। उन्होंने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा धर्म और जाति की राजनीति से दूर रहकर सभी को समानता का अधिकार दिया है। संगीता कोरी ने आगे कहा कि कांग्रेस ने महिलाओं को सशक्त बनाने और समाज में बराबरी का अधिकार दिलाने का काम किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस पार्टी हमेशा आम जनता की पार्टी रही है, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार केवल कुछ उद्योगपतियों की सरकार बनकर रह गई है। उन्होंने किसानों पर कर्ज, युवाओं में बेरोजगारी और बढ़ती महंगाई जैसे मुद्दों पर भी चिंता व्यक्त की और कहा कि भाजपा सरकार पूर्व में लागू योजनाओं का नाम बदलने में व्यस्त है। चौपाल में मौजूद हेमंत रावत ने मनरेगा योजना के मूल उद्देश्य पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इस योजना का लक्ष्य ग्रामीण इलाकों के प्रत्येक परिवार को एक वित्तीय वर्ष में कम से कम 100 दिन का गारंटीशुदा रोजगार उपलब्ध कराना है, ताकि ग्रामीण भारत में रोजगार सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार इस महत्वपूर्ण योजना को भी कमजोर करने का प्रयास कर रही है। इस चौपाल कार्यक्रम में मीना देवी, तीजा देवी, मालती देवी, सीता देवी, महारानी, प्रेमा देवी, रोशन लाल, सोहन लाल, नौशे आलम, गिरजा देवी, निर्मला देवी, शोभा देवी, लालती देवी, श्याम कली, आशा देवी, रामसुरेश पासी, रामलाल पासी और नोखे लाल यादव सहित कई लोग उपस्थित रहे।


