सहरसा पुलिस को ‘ऑपरेशन मुस्कान’ अभियान के तहत एक और सफलता मिली है। अभियान के सातवें चरण में 28 फरवरी को 64 गुम या चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद किए गए। इन मोबाइलों की अनुमानित कीमत 14 लाख 52 हजार 364 रुपये है, जिन्हें उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिया गया। मोबाइल वितरण के लिए सहरसा पुलिस केंद्र में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर कोसी प्रमंडल के पुलिस डीआईजी कुमार आशीष और सहरसा के पुलिस अधीक्षक हिमांशु उपस्थित रहे। पुलिस अधिकारियों ने स्वयं उन मोबाइल धारकों को उनके फोन सुपुर्द किए, जिन्होंने संबंधित थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट या प्राथमिकी दर्ज कराई थी। अधिकारियों ने बताया कि यह सफलता आम जनता के सहयोग और तकनीकी टीम की सक्रियता से संभव हुई है। पुलिस के अनुसार, ‘ऑपरेशन मुस्कान’ लगातार प्रभावी साबित हो रहा है। पहले छह चरणों में 288 मोबाइल फोन बरामद कर लौटाए गए थे, जिनकी कीमत लगभग 41.88 लाख रुपये थी। सातवें चरण में बरामद किए गए 64 मोबाइल को जोड़ने के बाद, अब तक कुल 352 मोबाइल फोन बरामद किए जा चुके हैं। इनकी कुल अनुमानित कीमत 56 लाख 41 हजार 149 रुपये आंकी गई है। अपने खोए हुए मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। बनमा ईटहरी थाना क्षेत्र के सुकमा गांव निवासी प्रशांत कुमार ने बताया कि मोबाइल खोने पर उन्हें वापस मिलने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन ‘ऑपरेशन मुस्कान’ ने उनके चेहरे पर मुस्कान लौटा दी है। सहरसा के हटिया गाछी निवासी प्रीति ने भी अपना खोया हुआ मोबाइल वापस मिलने पर खुशी व्यक्त की। सहरसा पुलिस ने दोहराया है कि जिलेवासियों की सुरक्षा और सहायता के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे, ताकि लोगों के चेहरों पर मुस्कान बनी रहे। सहरसा पुलिस को ‘ऑपरेशन मुस्कान’ अभियान के तहत एक और सफलता मिली है। अभियान के सातवें चरण में 28 फरवरी को 64 गुम या चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद किए गए। इन मोबाइलों की अनुमानित कीमत 14 लाख 52 हजार 364 रुपये है, जिन्हें उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिया गया। मोबाइल वितरण के लिए सहरसा पुलिस केंद्र में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर कोसी प्रमंडल के पुलिस डीआईजी कुमार आशीष और सहरसा के पुलिस अधीक्षक हिमांशु उपस्थित रहे। पुलिस अधिकारियों ने स्वयं उन मोबाइल धारकों को उनके फोन सुपुर्द किए, जिन्होंने संबंधित थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट या प्राथमिकी दर्ज कराई थी। अधिकारियों ने बताया कि यह सफलता आम जनता के सहयोग और तकनीकी टीम की सक्रियता से संभव हुई है। पुलिस के अनुसार, ‘ऑपरेशन मुस्कान’ लगातार प्रभावी साबित हो रहा है। पहले छह चरणों में 288 मोबाइल फोन बरामद कर लौटाए गए थे, जिनकी कीमत लगभग 41.88 लाख रुपये थी। सातवें चरण में बरामद किए गए 64 मोबाइल को जोड़ने के बाद, अब तक कुल 352 मोबाइल फोन बरामद किए जा चुके हैं। इनकी कुल अनुमानित कीमत 56 लाख 41 हजार 149 रुपये आंकी गई है। अपने खोए हुए मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। बनमा ईटहरी थाना क्षेत्र के सुकमा गांव निवासी प्रशांत कुमार ने बताया कि मोबाइल खोने पर उन्हें वापस मिलने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन ‘ऑपरेशन मुस्कान’ ने उनके चेहरे पर मुस्कान लौटा दी है। सहरसा के हटिया गाछी निवासी प्रीति ने भी अपना खोया हुआ मोबाइल वापस मिलने पर खुशी व्यक्त की। सहरसा पुलिस ने दोहराया है कि जिलेवासियों की सुरक्षा और सहायता के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे, ताकि लोगों के चेहरों पर मुस्कान बनी रहे।


