सूडान (Sudan) में सेना और अर्धसैनिक बल (पैरामिलिट्री) रैपिड सपोर्ट फोर्सेज़ – आरएसएफ (Rapid Support Forces – RSF) के बीच 15 अप्रैल 2023 से चल रही जंग जारी है। इस जंग की वजह से सूडान में हज़ारों लोगों ने अपनी जान गंवाई हैं, लाखों लोग बेघर हो गए और बड़ी तादाद में लोग अभी भी मुश्किल हालात में जी रहे हैं। सूडान में चल रही हिंसा की वजह से देश में खाने का संकट भी काफी गंभीर हो गया है। करोड़ों लोग खाने के संकट से गुज़र रहे हैं। आरएसएफ अक्सर ही सेना के इलाकों पर हमला करता रहता है। कुछ दिन पहले ही सेना ने दक्षिण कोर्डोफन (South Kordofan) के डिलिंग (Dilling) शहर पर कब्ज़ा किया था और अब आरएसएफ ने वहीं पर हमला कर दिया है।
आरएसएफ ने दागे ड्रोन्स, मचा हाहाकार
आरएसएफ ने डिलिंग शहर पर बुधवार को ड्रोन्स दागे जिससे हाहाकार मच गया। इस दौरान आरएसएफ ने सूडानी सेना की 54वीं ब्रिगेड के मुख्यालय और केंद्रीय बाजार सहित डिलिंग के कई इलाकों पर ड्रोन अटैक किया।
दर्जनों लोगों की मौत, कई घायल
आरएसएफ ने डिलिंग में ड्रोन अटैक करते हुए कत्लेआम मचा दिया। इस हमले में दर्जनों लोगों की मौत हो गई और उससे भी ज़्यादा लोग घायल हो गए। कई घायलों को गंभीर स्थिति में अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है।
यूएन ने दी चेतावनी
इसी बीच यूएन (UN) ने चेतावनी दी है कि सूडान में खाद्य सहायता खत्म होने के कगार पर है। यूएन के विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) ने जानकारी दी है कि युद्धग्रस्त सूडान में खाद्य सहायता मार्च के अंत तक खत्म हो सकती है। इससे कई लाख लोगों को खाने की कमी की भीषण समस्या का सामना करना पड़ेगा। इस गंभीर संकट को रोकने के लिए विश्व खाद्य कार्यक्रम ने मार्च से पहले 700 मिलियन डॉलर (करीब 6.4 हज़ार करोड़ रूपए) की अतिरिक्त फंडिंग की अपील की है जिससे स्थिति को संभाला जा सके।


