कैमूर में सड़क सुरक्षा माह का समापन मैराथन दौड़ और पैदल मार्च के साथ हुआ। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं को कम करना और लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना था। यह कार्यक्रम कलेक्ट्रेट भभुआ से जगजीवन स्टेडियम तक आयोजित किया गया। जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि पूरे जनवरी माह के दौरान विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाया गया, जिसमें यह मैराथन भी शामिल थी। इस पहल का लक्ष्य सड़क सुरक्षा नियमों के प्रति जन जागरूकता बढ़ाना है। यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील इससे पहले, जिलाधिकारी ने जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था। जिलाधिकारी के निर्देश पर सभी नागरिकों से अपनी और दूसरों की सुरक्षा के प्रति सजग रहने तथा यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की गई। यातायात डीएसपी विजय कुमार ने जानकारी दी कि पूरे माह लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। उन्होंने बताया कि हेलमेट, सीट बेल्ट का उपयोग, गति नियंत्रण और नशे में वाहन न चलाने जैसे नियमों का पालन करके ही सड़क दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है। मैराथन में बड़ी संख्या में युवा हुए शामिल प्रशासन का प्रयास है कि जिले में सड़क सुरक्षा की संस्कृति मजबूत हो और दुर्घटनाओं में निरंतर कमी आए। सड़क सुरक्षा माह के अंतिम दिन आयोजित इस मैराथन में बड़ी संख्या में युवा, छात्र और अन्य नागरिक शामिल हुए। सभी प्रतिभागियों ने सुरक्षा का संकल्प लिया, जिससे यह आयोजन लोगों में सुरक्षा के प्रति जिम्मेदारी का भाव जगाने में सफल रहा। कैमूर में सड़क सुरक्षा माह का समापन मैराथन दौड़ और पैदल मार्च के साथ हुआ। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं को कम करना और लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना था। यह कार्यक्रम कलेक्ट्रेट भभुआ से जगजीवन स्टेडियम तक आयोजित किया गया। जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि पूरे जनवरी माह के दौरान विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाया गया, जिसमें यह मैराथन भी शामिल थी। इस पहल का लक्ष्य सड़क सुरक्षा नियमों के प्रति जन जागरूकता बढ़ाना है। यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील इससे पहले, जिलाधिकारी ने जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था। जिलाधिकारी के निर्देश पर सभी नागरिकों से अपनी और दूसरों की सुरक्षा के प्रति सजग रहने तथा यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की गई। यातायात डीएसपी विजय कुमार ने जानकारी दी कि पूरे माह लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। उन्होंने बताया कि हेलमेट, सीट बेल्ट का उपयोग, गति नियंत्रण और नशे में वाहन न चलाने जैसे नियमों का पालन करके ही सड़क दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है। मैराथन में बड़ी संख्या में युवा हुए शामिल प्रशासन का प्रयास है कि जिले में सड़क सुरक्षा की संस्कृति मजबूत हो और दुर्घटनाओं में निरंतर कमी आए। सड़क सुरक्षा माह के अंतिम दिन आयोजित इस मैराथन में बड़ी संख्या में युवा, छात्र और अन्य नागरिक शामिल हुए। सभी प्रतिभागियों ने सुरक्षा का संकल्प लिया, जिससे यह आयोजन लोगों में सुरक्षा के प्रति जिम्मेदारी का भाव जगाने में सफल रहा।


