Road Accident: बस्तर जिले के लोहंडीगुड़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत घोटिया गांव में एक हृदयविदारक सड़क दुर्घटना में तीन वर्षीय मासूम रोहन टेकाम की जान चली गई। रोहन अपने माता-पिता का इकलौता बेटा और तीन बहनों का भाई था। हादसा उस वक्त हुआ, जब वह अपने घर के पास अन्य बच्चों के साथ सड़क किनारे खेल रहा था।
Road Accident: जानें क्या है पूरा मामला?
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, खेलते-खेलते रोहन अचानक सड़क पार करने लगा। उसी दौरान वहां से गुजर रही एक बोलेरो वाहन ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि मासूम के सिर में गंभीर चोट आई। हादसे के तुरंत बाद वाहन चालक ने गाड़ी रोकी और घायल बच्चे को लोहंडीगुड़ा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बताया जा रहा है कि रोहन के पिता शासकीय स्कूल में शिक्षक हैं और परिवार इस दुखद घटना से गहरे सदमे में है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए वाहन चालक के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में वाहन चालक द्वारा वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाने को हादसे की वजह माना जा रहा है।
पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास के लोगों से पूछताछ भी की है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में शोक के साथ-साथ चिंता का माहौल है। स्थानीय लोगों ने बच्चों की सुरक्षा को लेकर सड़क किनारे उचित इंतजाम की मांग उठाई है।

Road Accident: ऐसे हादसों को रोकने में अहम भूमिका
वैसे तो ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में सड़क किनारे बच्चों का खेलना आम बात है, लेकिन यातायात बढ़ने के साथ ऐसे हादसे लगातार सामने आ रहे हैं। सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता की कमी, स्पीड कंट्रोल का अभाव और सुरक्षित पैदल मार्ग या चेतावनी संकेतों की कमी इन दुर्घटनाओं को और गंभीर बना देती है।
विशेषज्ञों के अनुसार, बच्चों को सड़क के पास अकेले खेलने से रोकना, स्पीड ब्रेकर और साइन बोर्ड लगाना, तथा वाहन चालकों द्वारा रिहायशी इलाकों में धीमी गति बनाए रखना ऐसे हादसों को रोकने में अहम भूमिका निभा सकता है। पुलिस प्रशासन ने भी नागरिकों से अपील की है कि वे बच्चों की निगरानी रखें और सड़क पार करते समय पूरी सावधानी बरतें, ताकि भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं से बचा जा सके।


