Fuel Rumour India: यूपी के अमरोहा जनपद के अलीपुर कलां गांव पहुंचे भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने देश की वर्तमान परिस्थितियों को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान दिया। वह यहां अपने एक बीमार परिचित से मिलने पहुंचे थे, जहां पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने कई मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखी।
पहले अपने देश की स्थिति समझना जरूरी
राकेश टिकैत ने कहा कि लोगों को दूसरे देशों में हो रही घटनाओं पर प्रतिक्रिया देने से पहले अपने देश की स्थिति पर ध्यान देना चाहिए। उनका कहना था कि देश के भीतर कई महत्वपूर्ण मुद्दे मौजूद हैं, जिन पर समाज और सरकार को मिलकर काम करना चाहिए। उन्होंने मौजूदा दौर को चुनौतीपूर्ण बताते हुए कहा कि ऐसे समय में देशवासियों को एकजुट रहना चाहिए और देश के हित को सर्वोपरि रखना चाहिए।
अफवाहों से बढ़ रही लोगों की चिंता
टिकैत ने डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस को लेकर फैल रही अफवाहों पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि कुछ लोग सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से फैल रही अपुष्ट खबरों के कारण घबराकर ईंधन का अनावश्यक भंडारण करने लगे हैं। इससे बाजार में अनावश्यक दबाव बनता है और आम लोगों में डर का माहौल पैदा हो जाता है। उन्होंने साफ कहा कि ऐसी अफवाहों से बचना बेहद जरूरी है।
देश में ईंधन की कमी नहीं, संयम रखने की अपील
भारतीय किसान यूनियन के नेता ने स्पष्ट रूप से कहा कि फिलहाल देश में डीजल, पेट्रोल और गैस की कोई कमी नहीं है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे बिना वजह घबराकर ईंधन जमा न करें और सामान्य रूप से अपनी जरूरत के अनुसार ही खरीदारी करें। टिकैत के अनुसार, अफवाहों के कारण पैदा होने वाली घबराहट ही कई बार असली समस्या बन जाती है।
ग्रामीण और शहरी जरूरतों का भी किया जिक्र
टिकैत ने ग्रामीण और शहरी इलाकों की अलग-अलग जरूरतों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि गांवों में रहने वाले लोगों के पास वैकल्पिक ईंधन के कई साधन होते हैं, जैसे चूल्हा आदि, जिससे वे जरूरत पड़ने पर काम चला सकते हैं। वहीं शहरों में रहने वाले लोगों की रसोई गैस पर निर्भरता अधिक होती है, इसलिए गैस की आपूर्ति पहले शहरों में सुनिश्चित की जानी चाहिए।
झूठी खबरों से दूर रहने की सलाह
अपने बयान के अंत में राकेश टिकैत ने लोगों से संयम बनाए रखने और झूठी खबरों पर भरोसा न करने की अपील की। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया के दौर में कई बार बिना पुष्टि के खबरें तेजी से फैल जाती हैं, जिससे समाज में भ्रम की स्थिति पैदा हो जाती है। ऐसे में लोगों को सजग रहना चाहिए और केवल विश्वसनीय स्रोतों से ही जानकारी लेनी चाहिए। उनके इस बयान को देशहित में लोगों से जिम्मेदार व्यवहार की अपील के रूप में देखा जा रहा है।


