शहडोल में दुर्गा मंदिर के एक पुजारी पर शादी का झांसा देकर आठ साल तक एक युवती का शारीरिक शोषण करने का मामला सामने आया है। युवती की शिकायत पर महिला थाना पुलिस ने आरोपी पुजारी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और एससी-एसटी एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। महिला पुलिस के अनुसार, मामला 18 फरवरी की रात कोतवाली में पहुंचा था। सीधी की मूल निवासी पीड़िता (28) वर्तमान में शहडोल में रहती है। उसने आरोप लगाया है कि उसकी पहचान दुर्गा मंदिर क्षेत्र में पुजारी के रूप में कार्यरत आशीष राज तिवारी उर्फ राज तिवारी से हुई थी। पीड़िता बोली- आरोपी ने अविवाहित बताकर बनाए संबंध पीड़िता के मुताबिक, आरोपी ने खुद को अविवाहित बताकर उससे शादी का वादा किया। इसी भरोसे पर उसने युवती से शारीरिक संबंध बनाए। युवती का आरोप है कि आरोपी उसे अलग-अलग किराए के मकानों में रखता रहा और कई बार होटलों में भी ठहराया।
इस दौरान वह लगातार शादी का आश्वासन देता रहा। यह सिलसिला करीब आठ साल तक चला, और जब भी पीड़िता शादी की बात करती, आरोपी टालमटोल करता रहता था। आरोपी ने पीड़िता को जान से मारने की धमकी दी हाल ही में 8 फरवरी को दुर्गा मंदिर परिसर में शादी को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ। आरोप है कि इस दौरान पुजारी ने सार्वजनिक रूप से युवती के साथ दुर्व्यवहार किया, उसे जातिसूचक शब्द कहे और शादी से साफ इनकार कर दिया। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि उसे जान से मारने की धमकी दी गई। जांच अधिकारी उपनिरीक्षक वर्षा बैगा ने बताया कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच की जा रही है और आरोपी की तलाश जारी है। उन्होंने कहा कि आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों पर निर्भर करेगी।


