जमुई में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा आयोजित इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा 2026 को कदाचार-मुक्त और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह तैयार है। इसी क्रम में बुधवार को जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने सभी केंद्राधीक्षकों, दंडाधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों के साथ एक संयुक्त ब्रीफिंग की। जिलाधिकारी ने बताया कि इंटरमीडिएट की परीक्षा 2 फरवरी से 13 फरवरी 2026 तक जिले के कुल 35 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। इसमें कुल 21,935 छात्र-छात्राएं शामिल होंगे। परीक्षा को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के उद्देश्य से इस वर्ष कई नई व्यवस्थाएं लागू की गई हैं। ट्रेनिंग से जुड़ी तस्वीरें… पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था की गई
इन व्यवस्थाओं के तहत, परीक्षा कक्ष में एक बेंच पर अधिकतम दो परीक्षार्थियों को ही बैठाया जाएगा। प्रश्नपत्रों के बंडल परीक्षा कक्ष में ही दो छात्रों के हस्ताक्षर के बाद खोले जाएंगे। इसके अतिरिक्त, प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था की गई है, ताकि परीक्षार्थियों को समय-समय पर आवश्यक सूचनाएं दी जा सकें। पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षार्थियों को परीक्षा प्रारंभ होने के आधे घंटे पूर्व तक ही केंद्र में प्रवेश की अनुमति होगी। इसके बाद प्रवेश पूरी तरह वर्जित रहेगा। सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे, सख्त निगरानी और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए हैं। ब्रीफिंग के दौरान पुलिस अधीक्षक विश्वजीत दयाल, उप विकास आयुक्त सुभाष चंद्र मंडल, अपर समाहर्ता रविकांत सिंहा, अनुमंडल पदाधिकारी सौरव कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी विनोद प्रसाद, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित अन्य वरीय अधिकारी, सभी केंद्राधीक्षक और दंडाधिकारी उपस्थित रहे। जमुई में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा आयोजित इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा 2026 को कदाचार-मुक्त और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह तैयार है। इसी क्रम में बुधवार को जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने सभी केंद्राधीक्षकों, दंडाधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों के साथ एक संयुक्त ब्रीफिंग की। जिलाधिकारी ने बताया कि इंटरमीडिएट की परीक्षा 2 फरवरी से 13 फरवरी 2026 तक जिले के कुल 35 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। इसमें कुल 21,935 छात्र-छात्राएं शामिल होंगे। परीक्षा को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के उद्देश्य से इस वर्ष कई नई व्यवस्थाएं लागू की गई हैं। ट्रेनिंग से जुड़ी तस्वीरें… पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था की गई
इन व्यवस्थाओं के तहत, परीक्षा कक्ष में एक बेंच पर अधिकतम दो परीक्षार्थियों को ही बैठाया जाएगा। प्रश्नपत्रों के बंडल परीक्षा कक्ष में ही दो छात्रों के हस्ताक्षर के बाद खोले जाएंगे। इसके अतिरिक्त, प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था की गई है, ताकि परीक्षार्थियों को समय-समय पर आवश्यक सूचनाएं दी जा सकें। पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षार्थियों को परीक्षा प्रारंभ होने के आधे घंटे पूर्व तक ही केंद्र में प्रवेश की अनुमति होगी। इसके बाद प्रवेश पूरी तरह वर्जित रहेगा। सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे, सख्त निगरानी और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए हैं। ब्रीफिंग के दौरान पुलिस अधीक्षक विश्वजीत दयाल, उप विकास आयुक्त सुभाष चंद्र मंडल, अपर समाहर्ता रविकांत सिंहा, अनुमंडल पदाधिकारी सौरव कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी विनोद प्रसाद, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित अन्य वरीय अधिकारी, सभी केंद्राधीक्षक और दंडाधिकारी उपस्थित रहे।


