गया जिले के कोंच प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार में गुरुवार को ‘प्रज्ञा शक्ति’ कार्यक्रम के तहत एकदिवसीय महत्वपूर्ण प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण में प्रखंड के विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापक और नामित शिक्षक उपस्थित रहे। शिविर का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों को उन बच्चों की पहचान और सहायता करना सिखाना था, जो मानसिक या शारीरिक रूप से असहज महसूस करते हैं। मास्टर ट्रेनर श्रवन कुमार शांडिल्य, प्रमोद कुमार, अनंत कुमार, कृष्णा कुमार, ऋषिकेश कुमार और सुनीता कुमारी ने संयुक्त रूप से शिक्षकों को प्रशिक्षित किया। उन्होंने बताया कि कुछ बच्चे विद्यालय में अक्सर उदास रहते हैं, पाठ समझने में कठिनाई महसूस करते हैं या स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का सामना कर रहे होते हैं। ऐसे बच्चों की स्थिति को समझकर उन्हें सहयोग देना और मुख्यधारा से जोड़ना आवश्यक है। प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार करने और उनकी समस्याओं को सहज रूप से साझा करने के लिए प्रेरित किया गया। ‘प्रज्ञा शक्ति’ कार्यक्रम का लक्ष्य बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य में सुधार लाना और उनकी सीखने की क्षमता को बढ़ाना है। शिविर में उपस्थित शिक्षकों ने संकल्प लिया कि वे प्रशिक्षण में सीखी गई बातों को अपने विद्यालयों में लागू करेंगे और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयास करेंगे। गया जिले के कोंच प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार में गुरुवार को ‘प्रज्ञा शक्ति’ कार्यक्रम के तहत एकदिवसीय महत्वपूर्ण प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण में प्रखंड के विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापक और नामित शिक्षक उपस्थित रहे। शिविर का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों को उन बच्चों की पहचान और सहायता करना सिखाना था, जो मानसिक या शारीरिक रूप से असहज महसूस करते हैं। मास्टर ट्रेनर श्रवन कुमार शांडिल्य, प्रमोद कुमार, अनंत कुमार, कृष्णा कुमार, ऋषिकेश कुमार और सुनीता कुमारी ने संयुक्त रूप से शिक्षकों को प्रशिक्षित किया। उन्होंने बताया कि कुछ बच्चे विद्यालय में अक्सर उदास रहते हैं, पाठ समझने में कठिनाई महसूस करते हैं या स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का सामना कर रहे होते हैं। ऐसे बच्चों की स्थिति को समझकर उन्हें सहयोग देना और मुख्यधारा से जोड़ना आवश्यक है। प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार करने और उनकी समस्याओं को सहज रूप से साझा करने के लिए प्रेरित किया गया। ‘प्रज्ञा शक्ति’ कार्यक्रम का लक्ष्य बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य में सुधार लाना और उनकी सीखने की क्षमता को बढ़ाना है। शिविर में उपस्थित शिक्षकों ने संकल्प लिया कि वे प्रशिक्षण में सीखी गई बातों को अपने विद्यालयों में लागू करेंगे और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयास करेंगे।


