सीतापुर में सकरन थाना क्षेत्र में बीती 31 जनवरी को हुई सर्राफा व्यापारी से लूट की सनसनीखेज वारदात के खुलासे के लिए पुलिस ने तेज़ी से कार्रवाई शुरू कर दी है। लूट प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के जरिए बदमाशों की सुरागरसी तेज कर दी है और कुख्यात कोहिनूर गैंग के सदस्यों पर खास निगरानी रखी जा रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार इस मामले के खुलासे के लिए कुल 8 टीमें गठित की गई हैं, जो अलग-अलग बिंदुओं पर काम कर रही हैं। गहन छानबीन के दौरान पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक और लूट में शामिल बदमाशों से जुड़े अहम सुराग भी हासिल कर लिए हैं। इसके साथ ही कई पुराने और संदिग्ध अपराधियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, ताकि बदमाशों तक जल्द से जल्द पहुंचा जा सके। मालूम हो कि 31 जनवरी की शाम बाइक सवार दो बदमाशों ने सर्राफा व्यापारी मोनू रस्तोगी से जेवरात से भरा बैग छीन लिया था। व्यापारी अपनी दुकान बंद कर घर लौट रहे थे, तभी बदमाशों ने मौका पाकर वारदात को अंजाम दिया और फरार हो गए। छीने गए बैग में करीब दो लाख रुपये कीमत के जेवरात बताए जा रहे हैं। पीड़ित व्यापारी बिसवां कोतवाली क्षेत्र के पटना गांव का रहने वाला है और मोहलिया चौकी क्षेत्र में सर्राफे का व्यवसाय करता है। घटना के बाद से ही इलाके में दहशत का माहौल है, वहीं व्यापारियों में रोष भी देखा गया है। सीओ बिसवा अमन सिंह का कहना है कि लूट का खुलासा जल्द किया जाएगा और वारदात में शामिल सभी बदमाशों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा। पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं और उम्मीद जताई जा रही है कि शीघ्र ही इस मामले का पर्दाफाश किया जाएगा।


