आजमगढ़ जिले के रानी की सराय थाने की पुलिस कस्टडी से मऊ से हिरासत में लिए गए एक संदिग्ध चोरी के आरोपी के फरार होने के 48 घंटे बाद भी रानी की सराय थाने की पुलिस खाली हाथ है। अधिकारियों की फटकार के बाद थाने की पुलिस लगातार आजमगढ़ से लेकर मऊ तक छापेमारी कर रही है। पर अभी तक थाने से फरार आरोपी का कहीं भी पता नहीं चल पाया है। रानी की सराय थाने के पुलिसकर्मी मंगलवार की रात चोरी के मामले में दबिश देकर मऊ के मोहम्मदाबाद थाना क्षेत्र से गोलू नाम के युवक को हिरासत में लेकर आए थे। बुधवार को थाने के सब इंस्पेक्टर सुनील कुमार यादव आरोपी से पूछताछ कर रहे थे। इसी दौरान मौका पाकर आरोपी गोलू थाने से फरार हो गया। मामले की जानकारी मिलने के बाद थाने के पुलिसकर्मी और होमगार्ड युवक के पीछे काफी दूर तक दौड़े पर थाने की पुलिस को खाली हाथ होकर लौटना पड़ा। 48 घंटे बीत जाने के बाद भी थाने की पुलिस अभी तक खाली हाथ है। थाने से पुलिस कस्टडी से फरार होने के मामले में थाने के प्रभारी सुनील कुमार सिंह इस पूरी घटना पर मिट्टी डालकर इस तरह की घटना को सिरे से नकार दिया था। पुलिस के अधिकारियों को भी चेकिंग के दौरान फरार होने की कहानी बताई गई थी। थाने की पुलिस के झूठ बोलने का यह कोई पहला मामला नहीं है। इसके पहले भी डीआईजी आवास के बाहर 29 मार्च 2025 को फायरिंग के मामले में भी घटना से थाने के प्रभारी ने इनकार किया था। हालांकि बाद में घटना में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार भी किया गया था। मौका देखकर फरार हुआ आरोपी
चोरी के मामले में मऊ से पकड़ कर लाया गया गोलू नामक आरोपी थाने की पुलिस की व्यस्तता देखकर मौके से फरार हो गया। आरोपी के भागने से थाने की पुलिस हॉफ्ती नजर आई। हालांकि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार पुलिस छापेमारी कर रही है पर 48 घंटे बीत जाने के बाद भी अभी तक आरोपी की परछाई तक नहीं पकड़ पाई।


