पंकज चौधरी का सपा पर तंज, पीडीए का मतलब परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी

पंकज चौधरी का सपा पर तंज, पीडीए का मतलब परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के हालिया बयान पर पलटवार करते हुए भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने सपा के पीडीए अभियान को ‘परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी’ करार दिया है।

उन्होंने आरोप लगाया कि सपा की राजनीति सामाजिक न्याय नहीं, बल्कि परिवारवाद को बढ़ावा देने तक सीमित है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने बुधवार को तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि पीडीए का नारा देने वाली समाजवादी पार्टी को अब सच्चाई सुनने की आदत डालनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सपा का तथाकथित पीडीए कोई सामाजिक न्याय का अभियान नहीं, बल्कि ‘परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी’ है, जिसका उद्देश्य केवल एक परिवार के राजनीतिक हितों को साधना है।

चौधरी ने बुलडोजर कार्रवाई को लेकर सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि इससे वही लोग डरते हैं, जिनका संबंध माफियाओं और दंगाइयों से रहा है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में यह कार्रवाई गरीबों के खिलाफ नहीं, बल्कि उन भू-माफियाओं और अपराधियों के खिलाफ हो रही है, जिन्होंने वर्षों तक गरीबों के हक पर कब्जा किया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में अब कानून का राज स्थापित है और अपराधियों पर सख्त कार्रवाई हो रही है, जो सपा को रास नहीं आ रही।

उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासनकाल में ‘जंगलराज’ रहा, जहां पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक सबसे अधिक उत्पीड़न का शिकार हुए। भाजपा नेता ने कहा कि सपा की राजनीति में ‘परिवार पहले, दल बाद में और जनता सबसे बाद में’ रही है। उनके मुताबिक, पार्टी में कार्यकर्ता, गरीब, युवा और किसान केवल नारे तक सीमित हैं, जबकि वास्तविक लाभ एक परिवार और उसके करीबी लोगों तक ही पहुंचता है।

उन्होंने सपा नेतृत्व के नैतिकता पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिनका शासनकाल दंगों, माफियाराज, भ्रष्टाचार और तुष्टिकरण से जुड़ा रहा हो, उन्हें नैतिकता की बात करने का कोई अधिकार नहीं है। चौधरी ने कहा कि सपा पिछले एक दशक से सत्ता से बाहर है और उसे अगले एक दशक तक विपक्ष में बैठने के लिए तैयार रहना चाहिए।

उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश की जनता 2027 के चुनाव में भी विकास, सुशासन और राष्ट्रवाद के पक्ष में जनादेश देगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *