भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने प्रशिक्षण कार्यक्रम में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को तीसरी बार क्लीन स्वीप का मंत्र दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि प्रदेश में यदि तीसरी बार भाजपा की सरकार देखनी है तो बुलंदशहर को तीसरी बार फिर से क्लीन स्वीप करना होगा। सभी नेताओं और कार्यकर्ताओं को उन्होंने विधानसभा चुनावों में जुट जाने का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि विधानसभा चुनावों से पहले किसी ने भी गुटबाजी की कोशिश की तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। दोनों चुनावों में भाजपा ने किया है क्लीन स्वीप जनपद की सातों विधानसभा सीटों पर भाजपा ने 2017 और 2022 के चुनाव में क्लीन स्वीप किया है। पार्टी इस बार भी सभी सीटों पर जीत का परचम लहराना चाहती हैं। हालांकि इस बार कांग्रेस और सपा के गठबंधन और अखिलेश यादव की पीडीए रणनीति से भाजपा चिंतित भी है। यूजीसी मुद्दे पर सवर्ण नाराज जनपद में सवर्ण वोट भाजपा का परंपरागत वोटबैंक माना जाता है, लेकिन इस बार यह वोट बैंक भाजपा से नाराज है। यूजीसी मुद्दे पर सवर्ण समाज खुलकर भाजपा का विरोध कर रहा है। इसके कारण भाजपा नेता भी बैकफुट पर नजर आ रहे हैं। रालोद मांग रही दो सीट पिछले विधानसभा चुनाव में भाजपा अकेले मैदान में थी, लेकिन इस बार वह रालोद के साथ गठबंधन में है। वेस्ट यूपी में रालोद का ठीकठाक दबदबा है। ऐसे में रालोद भी जनपद से दो सीटों पर दावेदारी कर रही है। जनपद की शिकारपुर और अनूपशहर विधानसभा पर जाट वोट निर्णायक है। ऐसे में माना जा रहा है कि भाजपा अपनी एक सीट रालोद को दे सकती है या फिर अपने उम्मीदवार को रालोद के सिंबल से लड़ा सकती है।


