वाराणसी: मंडुवाडीह थाना क्षेत्र में पीएसी के जवानों द्वारा सब्जी विक्रेता व उसकी पत्नी को पीटे जाने का मामला सामने आया है। सब्जी विक्रेता को पिटता देख आसपास के लोगों ने पीएसी जवानों को घेर लिया और उनकी पिटाई कर दी, जिसमें एक जवान को गंभीर रूप से चोटे आई हैं। वहीं, सब्जी विक्रेता व उसकी पत्नी भी गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं, जिन्हें ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है।
भूल्लनपुर के 34वीं वाहिनी के गेट के सामने का मामला
जानकारी के मुताबिक, भूल्लनपुर स्थित 34 वाहिनी में कार्यरत पीएससी के जवानों पर गेट के बाहर सब्जी की दुकान लगाने वाले दंपति के साथ मारपीट किए जाने का आरोप लगा है। आरोपों के मुताबिक, पीएसी के दो जवान गेट के बाहर सब्जी लेने पहुंचे थे और इसी दौरान सब्जी के रेट को लेकर दुकानदार व उनके बीच बहस शुरू हुई और उन्होंने सब्जी विक्रेता को मारना शुरू कर दिया। इस दौरान बीच बचाव करने आई उसकी पत्नी के साथ भी मारपीट किए जाने का आरोप है।
गुस्साए लोगों ने पीएसी जवान को पीटा
घटना के बाद गुस्साए आसपास के लोगों ने पीएसी जवानों को पकड़ लिया। इस दौरान एक जवान को लोगों ने मारपीट कर घायल कर दिया, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि दूसरा जवान वहां से भागने में कामयाब हो गाया। आरोप है कि पीएसी के जवानों ने रॉड से सब्जी विक्रेता पर हमला कर दिया, जिसके बाद बीच बचाव करने आई उसकी पत्नी को भी उन्होंने धक्का देकर जमीन पर गिरा दिया। इस दौरान अपने पति को बचाने के लिए वह उसके ऊपर लेट गई, फिर भी पीएससी के जवान नहीं रुके और मारपीट करते रहे।
सब्जी के रेट को लेकर हुआ विवाद
बताया जा रहा है की सब्जी विक्रेता राधेश्याम बिन्द व उसकी पत्नी गीता कछवा के रहने वाले हैं और भूल्लनपुर स्थित पीएसी की 34वीं वाहिनी के गेट के सामने सब्जी की दुकान लगाते हैं। लोगों ने आरोप लगाया है कि पीएससी का जवान आशुतोष अपने एक दोस्त के साथ गेट के बाहर निकाला और इस दौरान सब्जी की खरीदारी करते समय विवाद हो गया, जिसके बाद दोनों ने मिलकर राधेश्याम को मारना पीटना शुरू कर दिया। इस दौरान बीच बचाव करने आई उसकी पत्नी को भी धक्का देकर गिरा दिया और उसके साथ भी मारपीट किए जाने का आरोप लगा है।
घटना की जानकारी होने के बाद मंडुवाडीह पुलिस और डायल 112 की पीआरबी मौके पर पहुंची और तीनों घायलों को ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया है। पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच की जा रही है। दोनों पक्षों में से किसी ने भी तहरीर नहीं दी है। तहरीर प्राप्त होने के बाद सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज करने के बाद कार्रवाई की जाएगी।


