मधुबनी जिले के मधेपुर थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर-भगवानपुर स्थित ज्ञान ज्योति पब्लिक स्कूल में 12 वर्षीय छात्र की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में स्कूल संचालक ऋषि कुमार कर्ण को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। झंझारपुर के एसडीपीओ सुबोध कुमार सिन्हा ने सोमवार शाम पत्रकारों को बताया कि पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कुछ ही घंटों में मामले का खुलासा किया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सह रेफरल अस्पताल से मृतक छात्र का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। घटनास्थल पर तुरंत एफएसएल टीम भी भेजी गई। विद्यालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया घटना के बाद विद्यालय संचालक सहित सभी शिक्षक स्कूल बंद कर फरार हो गए थे। पुलिस टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर विद्यालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया। घटना की पूरी वारदात सीसीटीवी में कैद हो गई थी, जो सुबह करीब 9 बजे की बताई जा रही है। सीसीटीवी फुटेज में सामने आया कि विद्यालय संचालक ने छात्र के साथ क्रूरतापूर्ण व्यवहार किया। छात्र को एक कमरे में बंद कर बाहर से ताला लगा दिया गया और उसे झाड़ू लगाने का आदेश दिया गया। छात्र लगभग 40 मिनट तक कमरे में बंद रहा, जहां खिड़कियां भी बाहर से बंद कर दी गई थीं। शिक्षिका ने कमरे का ताला खुलवाया तो छात्र फंदे से लटका मिला फुटेज में साफ तौर पर देखा गया कि छात्र पहले बंद कमरे में झाड़ू लगाता है, फिर कुछ देर तक रोता है। अंत में वह बेडशीट फाड़कर उससे रस्सी तैयार करता है और एक कील पर रस्सी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर लेता है। काफी देर बाद एक शिक्षिका ने कमरे का ताला खुलवाया तो छात्र फंदे से लटका मिला। आनन-फानन में विद्यालय प्रबंधक उसे अस्पताल ले गया, जहां चिकित्सकों ने छात्र को मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान भेजा थाना क्षेत्र के सुंदरी गांव निवासी भजन महतो के पुत्र विकेश कुमार के रूप में हुई है। विकेश कुमार पिछले दो वर्षों से इसी विद्यालय के हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहा था। मधुबनी जिले के मधेपुर थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर-भगवानपुर स्थित ज्ञान ज्योति पब्लिक स्कूल में 12 वर्षीय छात्र की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में स्कूल संचालक ऋषि कुमार कर्ण को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। झंझारपुर के एसडीपीओ सुबोध कुमार सिन्हा ने सोमवार शाम पत्रकारों को बताया कि पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कुछ ही घंटों में मामले का खुलासा किया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सह रेफरल अस्पताल से मृतक छात्र का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। घटनास्थल पर तुरंत एफएसएल टीम भी भेजी गई। विद्यालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया घटना के बाद विद्यालय संचालक सहित सभी शिक्षक स्कूल बंद कर फरार हो गए थे। पुलिस टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर विद्यालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया। घटना की पूरी वारदात सीसीटीवी में कैद हो गई थी, जो सुबह करीब 9 बजे की बताई जा रही है। सीसीटीवी फुटेज में सामने आया कि विद्यालय संचालक ने छात्र के साथ क्रूरतापूर्ण व्यवहार किया। छात्र को एक कमरे में बंद कर बाहर से ताला लगा दिया गया और उसे झाड़ू लगाने का आदेश दिया गया। छात्र लगभग 40 मिनट तक कमरे में बंद रहा, जहां खिड़कियां भी बाहर से बंद कर दी गई थीं। शिक्षिका ने कमरे का ताला खुलवाया तो छात्र फंदे से लटका मिला फुटेज में साफ तौर पर देखा गया कि छात्र पहले बंद कमरे में झाड़ू लगाता है, फिर कुछ देर तक रोता है। अंत में वह बेडशीट फाड़कर उससे रस्सी तैयार करता है और एक कील पर रस्सी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर लेता है। काफी देर बाद एक शिक्षिका ने कमरे का ताला खुलवाया तो छात्र फंदे से लटका मिला। आनन-फानन में विद्यालय प्रबंधक उसे अस्पताल ले गया, जहां चिकित्सकों ने छात्र को मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान भेजा थाना क्षेत्र के सुंदरी गांव निवासी भजन महतो के पुत्र विकेश कुमार के रूप में हुई है। विकेश कुमार पिछले दो वर्षों से इसी विद्यालय के हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहा था।


