देवों के देव महादेव और माता पार्वती के पावन महामिलन का महापर्व ‘महाशिवरात्रि’ आज पूरे नालंदा में अपार श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। महाशिवरात्रि को लेकर पूरा नालंदा शिवमय हो गया है। शहर से लेकर गांवों तक के तमाम शिवालयों को रंग-बिरंगी लाइटों और फूलों से दुल्हन की तरह सजाया गया है। रविवार की अहले सुबह से ही धरती से लेकर आसमान तक सिर्फ ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ की गूंज सुनाई दे रही है। इस महापर्व को लेकर शिवभक्तों में गजब का उत्साह देखा जा रहा है। शनिवार को दिनभर पूजन सामग्री और फल मंडियों में खरीदारों की भारी भीड़ उमड़ी रही। रुद्राभिषेक के लिए भक्तों का सैलाब उमड़ा जिले के ऐतिहासिक और प्रसिद्ध शिवालयों में आज जलार्पण और रुद्राभिषेक के लिए भक्तों का सैलाब उमड़ रहा है। राजगीर के रत्नागिरी पर्वत स्थित महाभारतकालीन सिद्धनाथ धाम, बिहारशरीफ के हिरण्य पर्वत पर स्थित हिरण्येश्वर धाम, धनेश्वरघाट के बाबा धनेश्वर धाम, हिलसा के बाबा अभयनाथ धाम में विशेष तैयारियां की गई हैं। हिरण्येश्वर धाम और बेगमपुर स्थित देवज्योति रामेश्वरम मंदिर को बेहद आकर्षक ढंग से संवारा गया है। ज्योतिष के जानकार पं. मोहन कुमार दत्त मिश्र के अनुसार, महाशिवरात्रि के दिन चारों पहर की पूजा का विशेष महत्व है। इस रात्रि जागरण के साथ रुद्राष्टाध्यायी, रुद्राभिषेक और सप्तशती का पाठ करने से शिवभक्तों को विशेष फल की प्राप्ति होती है। भगवान शिव की भव्य बारात निकाली जाएगी महाशिवरात्रि के मौके पर जिले में कई स्थानों पर भूत-पिशाच और मृदंग की थाप पर भगवान शिव की भव्य बारात निकाली जाएगी। नूरसराय के बेगमपुर स्थित देवज्योति रामेश्वरम मंदिर में शिव विवाह का भव्य आयोजन किया जाएगा। आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉ. अभिजीत कुमार गौतम ने बताया कि रविवार दोपहर तीन बजे उबटन की रस्म होगी, शाम साढ़े चार बजे धूमधाम से शिव बारात निकलेगी और रात आठ बजे भगवान शिव व माता पार्वती का शुभ विवाह संपन्न होगा। मंदिर की संरक्षिका सुशीला सिंह के मुताबिक, महाप्रसाद के लिए पांच क्विंटल लड्डू तैयार किए गए हैं। वहीं, पावापुरी शिव मंदिर के पुजारी बालमुकुंद उपाध्याय ने बताया कि नगर के प्रमुख मार्गों से गाजे-बाजे और भजन-कीर्तन के साथ भव्य शिव बारात निकाली जाएगी, जिसमें भोलेनाथ के गण और गंधर्वों की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहेंगी। पारंपरिक आयोजनों के साथ-साथ, पर्यटक नगरी राजगीर महाशिवरात्रि के अवसर पर एक बार फिर वैश्विक और आध्यात्मिक ऊर्जा का नया केंद्र बनने जा रही है। रविवार शाम छह बजे से विरायतन के अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन मैदान में विश्वस्तरीय ‘महाशिवरात्रि ध्यान उत्सव’ का भव्य आयोजन होगा। ओशमिन फाउंडेशन के तत्वावधान में रहस्यवादी दार्शनिक ओशमिन (राकेश चंद्रा) के नेतृत्व में आयोजित इस उत्सव में देश-विदेश के हजारों शिवभक्त और ध्यान साधक जुटेंगे। पूरी रात चलने वाले इस ध्यान सत्र, साधना और शिव तांडव के बीच अंतरराष्ट्रीय तबला वादक गिरीश विश्वा, सूफी गायक कपिल पुरोहित और अंतरराष्ट्रीय गिटार वादक गुड्डू मिश्रा अपनी भक्तिमय सांगीतिक प्रस्तुतियां देंगे। देवों के देव महादेव और माता पार्वती के पावन महामिलन का महापर्व ‘महाशिवरात्रि’ आज पूरे नालंदा में अपार श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। महाशिवरात्रि को लेकर पूरा नालंदा शिवमय हो गया है। शहर से लेकर गांवों तक के तमाम शिवालयों को रंग-बिरंगी लाइटों और फूलों से दुल्हन की तरह सजाया गया है। रविवार की अहले सुबह से ही धरती से लेकर आसमान तक सिर्फ ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ की गूंज सुनाई दे रही है। इस महापर्व को लेकर शिवभक्तों में गजब का उत्साह देखा जा रहा है। शनिवार को दिनभर पूजन सामग्री और फल मंडियों में खरीदारों की भारी भीड़ उमड़ी रही। रुद्राभिषेक के लिए भक्तों का सैलाब उमड़ा जिले के ऐतिहासिक और प्रसिद्ध शिवालयों में आज जलार्पण और रुद्राभिषेक के लिए भक्तों का सैलाब उमड़ रहा है। राजगीर के रत्नागिरी पर्वत स्थित महाभारतकालीन सिद्धनाथ धाम, बिहारशरीफ के हिरण्य पर्वत पर स्थित हिरण्येश्वर धाम, धनेश्वरघाट के बाबा धनेश्वर धाम, हिलसा के बाबा अभयनाथ धाम में विशेष तैयारियां की गई हैं। हिरण्येश्वर धाम और बेगमपुर स्थित देवज्योति रामेश्वरम मंदिर को बेहद आकर्षक ढंग से संवारा गया है। ज्योतिष के जानकार पं. मोहन कुमार दत्त मिश्र के अनुसार, महाशिवरात्रि के दिन चारों पहर की पूजा का विशेष महत्व है। इस रात्रि जागरण के साथ रुद्राष्टाध्यायी, रुद्राभिषेक और सप्तशती का पाठ करने से शिवभक्तों को विशेष फल की प्राप्ति होती है। भगवान शिव की भव्य बारात निकाली जाएगी महाशिवरात्रि के मौके पर जिले में कई स्थानों पर भूत-पिशाच और मृदंग की थाप पर भगवान शिव की भव्य बारात निकाली जाएगी। नूरसराय के बेगमपुर स्थित देवज्योति रामेश्वरम मंदिर में शिव विवाह का भव्य आयोजन किया जाएगा। आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉ. अभिजीत कुमार गौतम ने बताया कि रविवार दोपहर तीन बजे उबटन की रस्म होगी, शाम साढ़े चार बजे धूमधाम से शिव बारात निकलेगी और रात आठ बजे भगवान शिव व माता पार्वती का शुभ विवाह संपन्न होगा। मंदिर की संरक्षिका सुशीला सिंह के मुताबिक, महाप्रसाद के लिए पांच क्विंटल लड्डू तैयार किए गए हैं। वहीं, पावापुरी शिव मंदिर के पुजारी बालमुकुंद उपाध्याय ने बताया कि नगर के प्रमुख मार्गों से गाजे-बाजे और भजन-कीर्तन के साथ भव्य शिव बारात निकाली जाएगी, जिसमें भोलेनाथ के गण और गंधर्वों की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहेंगी। पारंपरिक आयोजनों के साथ-साथ, पर्यटक नगरी राजगीर महाशिवरात्रि के अवसर पर एक बार फिर वैश्विक और आध्यात्मिक ऊर्जा का नया केंद्र बनने जा रही है। रविवार शाम छह बजे से विरायतन के अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन मैदान में विश्वस्तरीय ‘महाशिवरात्रि ध्यान उत्सव’ का भव्य आयोजन होगा। ओशमिन फाउंडेशन के तत्वावधान में रहस्यवादी दार्शनिक ओशमिन (राकेश चंद्रा) के नेतृत्व में आयोजित इस उत्सव में देश-विदेश के हजारों शिवभक्त और ध्यान साधक जुटेंगे। पूरी रात चलने वाले इस ध्यान सत्र, साधना और शिव तांडव के बीच अंतरराष्ट्रीय तबला वादक गिरीश विश्वा, सूफी गायक कपिल पुरोहित और अंतरराष्ट्रीय गिटार वादक गुड्डू मिश्रा अपनी भक्तिमय सांगीतिक प्रस्तुतियां देंगे।


