जमुई-झाझा रेलखंड पर रविवार को दो अलग-अलग रेल हादसों में दो लोगों की मौत हो गई। पहली घटना जमुई रेलवे स्टेशन पर हुई, जहां वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में आने से एक व्यक्ति की जान चली गई। वहीं, दूसरी घटना झाझा रेलवे स्टेशन पर हुई, जिसमें एक युवक की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। जमुई रेलवे स्टेशन पर नगर परिषद क्षेत्र के लगमा गांव निवासी अरुण कुमार सिंह अपनी पुत्रवधू को पटना-धनबाद इंटरसिटी एक्सप्रेस में बैठाकर लौट रहे थे। रेलवे ट्रैक पार करते समय वह तेज रफ्तार वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में आ गए। ट्रेन की गति इतनी अधिक थी कि अरुण सिंह को लगभग 2 किलोमीटर तक घसीटते हुए ले गई, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पटना ले जाते समय रास्ते में ही मौत हो गई दूसरी घटना झाझा रेलवे स्टेशन पर हुई। यहां भलुआ मोहल्ला निवासी योगेंद्र साह कोलकाता-जयनगर एक्सप्रेस की चपेट में आ गए। इस हादसे में उनके दोनों पैर कट गए। उन्हें गंभीर हालत में सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद पटना रेफर कर दिया गया। हालांकि, पटना ले जाते समय रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। मृतक योगेंद्र साह की बहन सबिया देवी ने बताया कि उनकी बड़ी बहन का इलाज पटना में चल रहा था। योगेंद्र उनसे मिलने के लिए ट्रेन पकड़ने जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। सूचना मिलने पर घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया था जीआरपी थाना अध्यक्ष मसूदन कुमार ने दोनों घटनाओं की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि सूचना मिलने पर घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आगे की जांच जारी है। जमुई-झाझा रेलखंड पर रविवार को दो अलग-अलग रेल हादसों में दो लोगों की मौत हो गई। पहली घटना जमुई रेलवे स्टेशन पर हुई, जहां वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में आने से एक व्यक्ति की जान चली गई। वहीं, दूसरी घटना झाझा रेलवे स्टेशन पर हुई, जिसमें एक युवक की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। जमुई रेलवे स्टेशन पर नगर परिषद क्षेत्र के लगमा गांव निवासी अरुण कुमार सिंह अपनी पुत्रवधू को पटना-धनबाद इंटरसिटी एक्सप्रेस में बैठाकर लौट रहे थे। रेलवे ट्रैक पार करते समय वह तेज रफ्तार वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में आ गए। ट्रेन की गति इतनी अधिक थी कि अरुण सिंह को लगभग 2 किलोमीटर तक घसीटते हुए ले गई, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पटना ले जाते समय रास्ते में ही मौत हो गई दूसरी घटना झाझा रेलवे स्टेशन पर हुई। यहां भलुआ मोहल्ला निवासी योगेंद्र साह कोलकाता-जयनगर एक्सप्रेस की चपेट में आ गए। इस हादसे में उनके दोनों पैर कट गए। उन्हें गंभीर हालत में सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद पटना रेफर कर दिया गया। हालांकि, पटना ले जाते समय रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। मृतक योगेंद्र साह की बहन सबिया देवी ने बताया कि उनकी बड़ी बहन का इलाज पटना में चल रहा था। योगेंद्र उनसे मिलने के लिए ट्रेन पकड़ने जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। सूचना मिलने पर घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया था जीआरपी थाना अध्यक्ष मसूदन कुमार ने दोनों घटनाओं की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि सूचना मिलने पर घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आगे की जांच जारी है।


