कड़ाके की ठंड में लखनऊ कमिश्नर विजय विश्वास पंत और नगर आयुक्त गौरव कुमार ने रविवार देर रात शहर के कई स्थाई और अस्थाई रैन बसेरों का औचक निरीक्षण किया। अफसरों ने बिस्तर, कंबल, साफ-सफाई, सुरक्षा और अलाव समेत अन्य इंतजाम देखे। इस मौके पर कमिश्नर ने अधिकारियों को रैन बसेरे की नियमित निगरानी का निर्देश दिया है। अधिकारियों ने लोगों से की बात निरीक्षण की शुरुआत जोन-1 के जियामऊ स्थित रैन बसेरे से हुई। कमिश्नर और नगर आयुक्त ने यहां ठहरने की व्यवस्था, बिस्तर, कंबल, स्वच्छता, प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा इंतजामों को बारीकी से देखा। रैन बसेरे में ठहरने वाले लोगों से भी बातचीत की गई। उन्होंने नगर निगम की ओर से की गई व्यवस्थाओं पर संतोष जताया। इसके बाद टीम जोन-4 के मिठाई वाला चौराहा पर बने अस्थायी रैन बसेरे पहुंची। यहां अफसरों ने ठंड से बचाव के लिए अलाव, बैठने और सोने की सुविधा तथा साफ-सफाई की स्थिति का निरीक्षण किया। अधिकारियों का कहना है कि निरीक्षण में पाया गया कि अस्थायी रैन बसेरे में भी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध हैं और अलाव की व्यवस्था सुचारू रूप से चल रही है। इससे वहां रुकने वाले लोगों को ठंड से राहत मिल रही है। कमिश्नर बोले रैन बसेरे की हो नियमित निगरानी जोन-1 के नबीउल्ला रोड स्थित स्थाई रैन बसेरे का निरीक्षण किया गया। यहां बिस्तरों और कंबलों की उपलब्धता, पेयजल, शौचालय और स्वच्छता व्यवस्था को परखा गया। अधिकारियों ने संबंधित कर्मचारियों को निर्देश दिए कि पूरे ठंड के मौसम में ये सुविधाएं लगातार बनी रहें और किसी भी तरह की लापरवाही न हो। कमिश्नर और नगर आयुक्त ने साफ किया कि शहर में चल रहे सभी रैन बसेरों की नियमित निगरानी की जाएगी, ताकि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति ठंड में खुले आसमान के नीचे रात बिताने को मजबूर न हो। नगर निगम ने कहा कि मानवीय दृष्टिकोण के साथ सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जा रही हैं और आगे भी इस तरह के निरीक्षण जारी रहेंगे। निरीक्षण के दौरान अपर नगर आयुक्त ललित कुमार, चीफ इंजीनियर (सिविल) महेश वर्मा, चीफ इंजीनियर (आरआर) मनोज प्रभात, जोन-1 के जोनल अधिकारी ओपी सिंह, जोन-1 के अधिशासी अभियंता अतुल मिश्रा समेत नगर निगम के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।


