भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री नरेश अग्रवाल ने उन लोगों को पार्टी छोड़ने की सलाह दी है जो भाजपा में रहते हुए समाजवादी पार्टी से विधानसभा का टिकट पाने की उम्मीद कर रहे हैं। उन्होंने भाजपा का विरोध करने वालों से सावधान रहने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। अग्रवाल ने शनिवार दोपहर अपने आवास पर पत्रकारों से बातचीत में यह बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे ‘भीतरघातियों’ को पार्टी में कोई जगह नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ अवसरवादी लोग भाजपा के साथ नहीं हैं, फिर भी उन्हें कुछ नेता संरक्षण दे रहे हैं। नरेश अग्रवाल ने जिलाध्यक्ष से ऐसे मामलों को गंभीरता से लेने और उन पर रोक लगाने का आग्रह किया। आगामी समय में कई राज्यों में चुनाव होने हैं, जिसके बाद पंचायत चुनाव और फिर प्रदेश का विधानसभा चुनाव होगा। अग्रवाल ने भाजपा की उपलब्धियों के आधार पर प्रदेश में लगातार तीसरी बार सरकार बनने का विश्वास व्यक्त किया और कहा कि कानून-व्यवस्था से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। विश्व के कई हिस्सों में चल रहे संघर्षों पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि भारत हमेशा शांति का पक्षधर रहा है और युद्ध का समर्थन नहीं करता। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार युद्ध जैसी परिस्थितियों के कारण किसी भी जरूरी चीज की कमी नहीं होने देगी। उन्होंने प्रशासन से शहर में पटरी पर अवैध कब्जों को हटाने की मांग भी की, ताकि जाम की समस्या से लोगों को राहत मिल सके। अग्रवाल ने आगामी विधानसभा चुनाव में हरदोई सीट पर भाजपा की 50 हजार से अधिक मतों से जीत का दावा किया। इस अवसर पर पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष राम प्रकाश शुक्ला भी मौजूद रहे। गौरतलब है कि इससे पहले पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष सौरभ मिश्र ‘नीरज’ ने सोशल मीडिया पर कुछ विधायकों व मंत्री पर सपा प्रमुख से मुलाकात के आरोप लगाए थे, जिसके बाद नरेश अग्रवाल के इस बयान से पार्टी के भीतर राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है।


