Namo Bharat rapid train: जयपुर। राजस्थान में रेल नेटवर्क को आधुनिक और मजबूत बनाने की दिशा में उत्तर पश्चिम रेलवे ने दो अहम रेल खंडों के ट्रैक नवीनीकरण को मंजूरी दी है। राई का बाग- फलोदी- जैसलमेर और लालगढ़- कोलायत-फलोदी रेल खंडों में व्यापक नवीनीकरण किया जाएगा, जिस पर करीब 850 करोड़ रुपए खर्च होंगे। वहीं दिल्ली से अलवर के बीच नमो भारत रैपिड रेल संचालन को भी मंजूरी मिल गई है।
राई का बाग-फलोदी-जैसलमेर और लालगढ़-कोलायत-फलोदी रेल खंड होंगे आधुनिक
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, यह परियोजना रणनीतिक रूप से अहम इन दोनों रेल मार्गों की संरचना को आधुनिक बनाने के लिए शुरू की जा रही है। दोनों खंडों पर पुरानी रेल पटरियां और स्लीपर लंबे समय से उपयोग में हैं, जिन्हें सुरक्षा और परिचालन क्षमता बढ़ाने के लिए बदलना आवश्यक हो गया था।

18 वर्ष बाद होगा रेलवे ट्रैक नवीनीकरण
राई का बाग–फलोदी–जैसलमेर रेल खंड की लंबाई 291.126 किलोमीटर है, जहां 2006 में बिछाई गई पटरियों का नवीनीकरण होगा। वहीं, 73.742 किलोमीटर लंबे लालगढ़–कोलायत–फलोदी खंड में 2006-07 के दौरान बिछी पटरियों को बदला जाएगा।
रेलवे प्रशासन पहले ही इस कार्य को तकनीकी आवश्यकता मान चुका है। वित्त विभाग ने परियोजना के लिए प्रति किलोमीटर 2.64 करोड़ रुपए की लागत को भी मंजूरी दे दी है। नवीनीकरण के बाद इन मार्गों पर रेल संचालन अधिक सुरक्षित और सुचारु होगा, जिससे यात्रियों और माल परिवहन को लाभ मिलेगा।
दिल्ली से अलवर के बीच चलेगी नमो भारत
दिल्ली से अलवर का सफर जल्द और तेज हो जाएगा। नमो भारत रैपिड रेल (आरआरटीएस) परियोजना के तहत यह दूरी महज 117 मिनट में पूरी हो सकेगी। एनसीआर प्लानिंग बोर्ड की मुख्य सचिवों की पांचवीं बैठक में शामिल होने आए राजस्थान के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने शुक्रवार को अन्य राज्यों के मुख्य सचिवों के साथ नमो भारत रैपिड रेल का सफर किया। वी. श्रीनिवास ने बताया कि अशोक विहार से दुहाई तक 27 किमी का सफर रैपिड रेल ने 160 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से पूरा किया। उन्होंने बताया कि दिल्ली अलवर कॉरिडोर 2027 में शुरू हो जाएगा।


