मेरठ के ब्रहमपुरी थानाक्षेत्र के शारदा रोड में शुक्रवार को बड़ा हंगामा हो गया। यहां मुस्लिम युवक आरिफ राजू नानू नाम की नेमप्लेट लगाकर कचौरी बेच रहा था। आरिफ ने अपने ठेले पर राजू नानू हिंदू नाम लिखवाया हुआ था। वो ग्राहकों को भी अपना नाम राजू बताकर कचौरी बेच रहा था।
शुक्रवार को अचानक कुछ युवकों ने क्यूआर कोड से जब उसे भुगतान किया तो असली नाम आरिफ सामने आ गया। इसके बाद मौके पर हंगामा हो गया। बजरंगदल के तमाम युवक मौके पर पहुंचे और हंगामा करने लगे। सूचना पर स्थानीय चौकी प्रभारी भी पहुंचे और मामला शांत कराया। ठेले पर लगा राजू नानू नाम का पोस्टर उतरवाया गया। आरिफ, राजू बनकर बेच रहा था कचौरी एक युवक द्वारा ठेली पर राजू नानू नाम लिखकर कचौरी बेचने और ऑनलाइन भुगतान के दौरान उसका असली नाम आरिफ सामने आने पर बजरंगदल कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। बताया गया कि एक ग्राहक ने कचौरी खरीदने के बाद ऑनलाइन भुगतान किया। जब उसने क्यूआर कोड स्कैन किया तो भुगतान विवरण में विक्रेता का नाम आरिफ दिखाई दिया, जबकि ठेली पर राजू नानू नाम लिखा हुआ था। मौके पर पहुंचे बजरंग दल कार्यकर्ता ग्राहक ने इसकी जानकारी बजरंगदल के महानगर विद्यार्थी प्रमुख विशाल धानक और उज्ज्वल तायल को दी, जिसके बाद मामला थाने तक पहुंच गया।
असली नाम सामने आने के बाद बजरंगदल कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और ठेली पर लिखा नाम हटाने की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन करने लगे। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि शुरुआत में विक्रेता ने खुद को राजू नानू बताया, लेकिन सख्ती करने पर उसने अपना असली नाम आरिफ बताया। थाने पर दिया धरना
किशनपुरी चौकी प्रभारी के रवैये से नाराज होकर बजरंगदल के कार्यकर्ता महानगर संयोजक हिमांशु शर्मा के नेतृत्व में ब्रह्मपुरी थाने पहुंच गए और वहां धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। कार्यकर्ताओं ने चौकी प्रभारी पर अनुचित व्यवहार करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
पुलिस ने समझाकर कराया शांत
काफी देर तक चले हंगामे के बाद थाना प्रभारी ने कार्यकर्ताओं को समझाया। इसके बाद विक्रेता ने अपनी ठेली से राजू नानू नाम का स्टीकर हटा दिया और आगे से अपने असली नाम से ही व्यापार करने का आश्वासन दिया। सीओ ब्रह्मपुरी सौम्या अस्थाना ने बताया कि कार्यकर्ताओं को समझा-बुझाकर मामला शांत करा दिया गया है।


