MP News: पुलिस को डर है कि चोर कहीं उसकी नाक के नीचे से ही चोरी न कर ले जाएं। पुलिस की कुछ इसी तरह की हरकत ने मजाक बना दिया है। जबलपुर के लार्डगंज थाना परिसर के वायरल वीडियो (Police handcuffed car video) में दिख रहा है कि थाने में खड़ी एक कार को हथकड़ी लगाई गई है। सोशल मीडिया पर लोगों ने पुलिस को ट्रोल किया तो मामला अफसरों के संज्ञान में आया। उसके बाद आनन-फानन में कार से हथकड़ी हटवाई गई। कोतवाली सीएसपी रीतेश शिव ने लार्डगंज थाना प्रभारी नवल किशोर आर्य से जवाब-तलब किया है।
चेकिंग के दौरान कार की थी जब्त
दरअसल, लार्डगंज पुलिस ने वाहन चैकिंग के दौरान एक कार को रोका। उसे प्रथम कुमार चला रहा था। जांच में वह नशे में मिला। पुलिस ने मोटर वीकल एक्ट की धारा-185 के तहत कार्रवाई की। पुलिस ने कार जब्त कर थाने में खड़ी कर दी। पुलिस को डर था कि कार थाने से चोरी न हो जाए, इसलिए वहां मौजूद अधिकारियों और जवानों ने कार को ही हथकड़ी लगा दी। एक सिरे को कार के पहिए में फंसाया तो दूसरे सिरे को पीछे वाली सीट के हैंडल में लगा दिया।
दो दिन बाद पता चला
दो दिन तक परिसर में कार खड़ी रही। शुक्रवार को वीडियो वायरल हुआ, तो पुलिस ट्रोल होने लगी। जानकारी अफसरों को लगी, तो पुलिस को फटकार लगाई। तत्काल हथकड़ी निकालने को कहा।
पहले भी आते रहे है ऐसे मामले
पूर्व में भी देश के अलग-अलग हिस्सों से पुलिस की अजीबोगरीब कार्रवाइयों के मामले सामने आते रहे हैं, जिन पर विभागीय जांच हुई है। पुलिस मैनुअल और मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के अनुसार जब्त वाहनों की सुरक्षा की जिम्मेदारी थाने की होती है, लेकिन हथकड़ी जैसे उपकरणों का इस तरह उपयोग करना नियमों के अनुरूप नहीं माना जाता।
थाना प्रभारी को लिखा गया पत्र
थाना प्रभारी लार्डगंज को पत्र लिखा गया है। है। मामले की जानकारी मांगी गई है। जवाब आने पर कार्रवाई की जाएगी।- रीतेश शिव, सीएसपी लार्डगंज (MP News)


