बेतिया से भाजपा सांसद डॉ. संजय जायसवाल ने राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में तेजस्वी यादव को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने RJD को परिवारवाद की पार्टी बताते हुए आरोप लगाया कि इसका गठन समाज के उद्धार के लिए नहीं, बल्कि एक परिवार को घोटालों से बचाने के उद्देश्य से किया गया है। संगठनात्मक लोकतंत्र का अभाव, इशारों पर चलती पार्टी डॉ. जायसवाल ने कहा कि RJD में संगठनात्मक लोकतंत्र का अभाव है और पार्टी पूरी तरह परिवार के इशारों पर चलती है। उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय जनता दल के सदस्य वास्तविक कार्यकर्ता नहीं, बल्कि एक परिवार के ‘गुलाम’ बनकर काम कर रहे हैं। पार्टी का संचालन लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं के बजाय परिवार के आदेशों के अनुसार होता है। RJD में पद और जिम्मेदारियां पारिवारिक विरासत भाजपा सांसद ने आगे कहा कि तेजस्वी यादव की नियुक्ति से यह एक बार फिर स्पष्ट हो गया है कि RJD में पद और जिम्मेदारियां योग्यता या संघर्ष के आधार पर नहीं, बल्कि पारिवारिक विरासत के तहत तय की जाती हैं। उन्होंने इसे बिहार की राजनीति के लिए दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया और कहा कि जनता अब ऐसे दलों की सच्चाई को समझ चुकी है। डॉ. संजय जायसवाल ने दावा किया कि बिहार की जनता परिवारवाद और भ्रष्टाचार की राजनीति को अस्वीकार कर रही है। उन्होंने कहा कि लोग अब विकास, सुशासन और पारदर्शिता की राजनीति का समर्थन कर रहे हैं। आने वाले चुनावों में जनता लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखने वाली पार्टियों को ही मजबूत करेगी। बेतिया से भाजपा सांसद डॉ. संजय जायसवाल ने राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में तेजस्वी यादव को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने RJD को परिवारवाद की पार्टी बताते हुए आरोप लगाया कि इसका गठन समाज के उद्धार के लिए नहीं, बल्कि एक परिवार को घोटालों से बचाने के उद्देश्य से किया गया है। संगठनात्मक लोकतंत्र का अभाव, इशारों पर चलती पार्टी डॉ. जायसवाल ने कहा कि RJD में संगठनात्मक लोकतंत्र का अभाव है और पार्टी पूरी तरह परिवार के इशारों पर चलती है। उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय जनता दल के सदस्य वास्तविक कार्यकर्ता नहीं, बल्कि एक परिवार के ‘गुलाम’ बनकर काम कर रहे हैं। पार्टी का संचालन लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं के बजाय परिवार के आदेशों के अनुसार होता है। RJD में पद और जिम्मेदारियां पारिवारिक विरासत भाजपा सांसद ने आगे कहा कि तेजस्वी यादव की नियुक्ति से यह एक बार फिर स्पष्ट हो गया है कि RJD में पद और जिम्मेदारियां योग्यता या संघर्ष के आधार पर नहीं, बल्कि पारिवारिक विरासत के तहत तय की जाती हैं। उन्होंने इसे बिहार की राजनीति के लिए दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया और कहा कि जनता अब ऐसे दलों की सच्चाई को समझ चुकी है। डॉ. संजय जायसवाल ने दावा किया कि बिहार की जनता परिवारवाद और भ्रष्टाचार की राजनीति को अस्वीकार कर रही है। उन्होंने कहा कि लोग अब विकास, सुशासन और पारदर्शिता की राजनीति का समर्थन कर रहे हैं। आने वाले चुनावों में जनता लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखने वाली पार्टियों को ही मजबूत करेगी।


