रोहतक से कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने महम अनाज मंडी का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने किसानों और आढ़तियों से मुलाकात की और सरकार की पोर्टल व्यवस्था पर सवाल उठाए। हुड्डा ने कहा कि सरकार किसानों को पोर्टल में उलझाकर रखना चाहती है। दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि यह सरकार पोर्टल की सरकार है, जो किसानों को पोर्टल में उलझाने का काम कर रही है। उन्होंने पुरानी व्यवस्था की तुलना करते हुए कहा कि पहले किसान और आढ़ती दोनों खुश थे, किसान खेत से अनाज लाकर आढ़ती के पास डाल देता था और कोई परेशानी नहीं होती थी। किसानों को मंडी में हो रही परेशानी हुड्डा ने मौजूदा पोर्टल प्रणाली की समस्याओं पर प्रकाश डाला, जिसमें किसानों और आढ़तियों को अंगूठा लगाने, फोटो खिंचवाने और सर्वर डाउन जैसी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को जानबूझकर पोर्टल में उलझाया जा रहा है। सांसद ने यह भी कहा कि 750 किसानों ने शहादत देकर मंडियों को बचाया है, अन्यथा यहां भी अंबानी और अडानी का कब्जा हो जाता। केवल 10 हजार क्विंटल गेहूं का हुआ उठान दीपेंद्र हुड्डा ने महम अनाज मंडी की मौजूदा स्थिति पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि मंडी में लगभग सवा लाख क्विंटल गेहूं की खरीद हो चुकी है, लेकिन अभी तक केवल 10 हजार क्विंटल का ही उठान हो पाया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यही स्थिति बनी रही, तो अगले 24 घंटे में मंडी ओवरफ्लो हो जाएगी और किसानों को अनाज रखने की जगह नहीं मिलेगी। डीसी से फोन पर की बात मौके पर ही दीपेंद्र हुड्डा ने रोहतक के डीसी सचिन गुप्ता से फोन पर बात की और जल्द से जल्द समस्या का समाधान निकालने का आग्रह किया। हुड्डा ने बताया कि डीसी ने शाम को अधिकारियों की बैठक बुलाकर समाधान निकालने का आश्वासन दिया है।


