नमस्कार सदन में ‘गाय’ को लेकर हंगामा हो गया। माननीय संकेत सहन नहीं कर पाए थे। बाद में वीडियो बनाकर माफी मांगी। खैरथल-तिजारा में तहसीलदार से कांग्रेस नेता ने कहा कि तू-तड़ाक गाली नहीं होती। हनुमानगढ़ में सरपंच बनने के लिए नेताजी ने खूब माहौल बना दिया। राजनीति और ब्यूरोक्रेसी की ऐसी ही खरी-खरी बातें पढ़िए, आज के इस एपिसोड में.. 1. विधायक की सफाई- संकेत सहन नहीं हुआ मौसम ने करवट बदली। बारिश हुई। जयपुर में विधानसभा परिसर में भी ओले पड़े। बाहर भले हवा में ठंडक घुल गई हो, लेकिन अंदर माहौल गर्म रहा। गाय पर खूब बहस हुई। विधायक बाबाजी ने गाय का मुद्दा छेड़ा तो विपक्ष ने एक घटना के पोस्टर लहरा दिए। इसके बाद सत्ता वाली पार्टी के एक विधायकजी पर थाने जाकर छुड़ाने के आरोप लगाए। इस पर विधायक महोदय भड़क उठे। वे गुस्से में विपक्ष की ओर बढ़े। गुस्से में एक-दूसरे की तरफ बढ़ना सदन की मर्यादा का उल्लंघन। विधायकजी को अपनी गलती का एहसास भी हुआ। उन्होंने भारत माता की प्रतिमा के सामने खड़े होकर वीडियो बनाया और कहा- मुझे घिनौने आरोपों में बांधते हुए संकेत किया तो मैं सहन नहीं कर पाया। माफी चाहता हूं। विधायकजी ने तो माफी मांगकर बात खत्म की। लेकिन डोटासराजी के तरकश से तीर खत्म ही नहीं हो रहे हैं। सदन के अंदर भी बाण चलाते हैं और बाहर भी। बोले- इन्हें तो वोट के लिए गोमाता चाहिए, गोमाता इनका विषय नहीं है। उनको सबक सिखाने के लिए मैं और जूली जी कोशिश कर रहे हैं। उनकी बैंड बजा दें थोड़ी देर। 2. तहसीलदार और कांग्रेस नेता की नोकझोंक एक फैक्ट्री में ब्लास्ट हो गया। 7 मजदूरों की जान चली गई। इस ब्लास्ट से कई छुपे हुए सच भी बाहर आ गए। गारमेंट के नाम पर फैक्ट्री चल रही थी, अंदर तैयार हो रहे थे पटाखे। फैक्ट्री के बाहर ताला लटका था। पड़ोसियों तक को भनक नहीं कि अंदर क्या चल रहा है। प्रशासन पर सवाल उठने ही थे। ऐसा कैसे हो सकता है कि इतनी बड़ी फैक्ट्री में अवैध गतिविधि होती रहे और अधिकारियों को जानकारी ही नहीं। ऐसे में कांग्रेस नेता इमरान खान, तहसीलदार शैतान सिंह से जानकारी लेने पहुंचे। आरोप है कि तहसीलदार ने अभद्रता की और नेताजी को नेता नहीं समझा। बहस का एक वीडियो भी सामने आया, जिसमें तहसीलदार और कांग्रेस नेता एक-दूसरे पर बरस रहे हैं। तहसीलदार कह रहे हैं गाली दी, तू-तड़ाक की। नेताजी कह रहे हैं कि तू-तड़ाक करना गाली नहीं होती। इसके बाद कांग्रेस नेता धरना देकर वहीं जम गए। बोले- तहसीलदार ने कहा कि गलत आदमी से पंगा ले लिया, अंजाम भुगतना होगा। मैंने कहा कि भाई मैं कोई चरस-अफीम बेचता हूं क्या जो इतना जुल्म करोगे। 3. नेताजी ने बनाया माहौल निकाय चुनाव आने वाले हैं। गांव-गांव में नेताजी तैयारी करने लगे हैं। हनुमानगढ़ के गांव 8 LLW का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो के मुताबिक- पूरा गांव इकबाल जी के घर पहुंचा है। रात का वक्त है। लोग इकबाल के किस्से सुना रहे हैं। तारीफ कर रहे हैं। वीडियो में कहा जा रहा है कि सरपंच साहब चुनाव नहीं लड़ना चाहते, पब्लिक उन्हें मनाने आई है। एक युवक कहता है- ऐसा सरपंच कहीं नहीं देखा। दूसरा कहता है- सैर करने की इच्छा होती है तो सरपंच जी गाड़ी लेकर आ जाते हैं। नेताजी का नाम डॉक्टर इकबाल। वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैला। वाकई माहौल भी बन गया। हकीकत की तह में गए तो पता चला कि इकबाल साहब की माताजी फतेह बानो सरपंच हैं। बेटाजी तो सिर्फ समर्थकों के साथ अपने फेवर में माहौल बना रहे हैं। इनपुट सहयोग- ऋषभ सैनी (जयपुर), अनूप कौशिक (भिवाड़ी), दीपक भारद्वाज (हनुमानगढ़)। वीडियो देखने के लिए सबसे ऊपर फोटो पर क्लिक करें। अब कल मुलाकात होगी..


