शिवहर लोकसभा क्षेत्र की सांसद लवली आनंद ने बिहार में शराबबंदी को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि शराबबंदी लागू होने के बाद राज्य में अमन-चैन का माहौल बना है, जिससे विशेष रूप से महिलाओं को व्यापक लाभ मिला है। सांसद आनंद ने बताया कि शराबबंदी लागू होने से सामाजिक वातावरण में सकारात्मक बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि गांवों में शांति का माहौल है और महिलाएं अब खुद को अधिक सुरक्षित महसूस करती हैं। विकास और शांति के पक्ष में है जनता उन्होंने शराबबंदी खत्म करने की मांग कर रहे विपक्षी दलों पर निशाना साधा। लवली आनंद ने कहा कि जनता ऐसे बयानों को स्वीकार नहीं करती और चुनाव परिणामों में भी यह स्पष्ट दिखा है कि बिहार की जनता विकास और शांति के पक्ष में है। लवली आनंद ने आगे कहा कि बिहार की जनता अब पूर्ण नशाबंदी चाहती है और इस दिशा में भी चर्चा जारी है। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के शराबबंदी के ऐतिहासिक कदम की सराहना की, जिससे बिहार की सामाजिक संरचना मजबूत हुई है और राज्य विकास की ओर अग्रसर हुआ है। उन्होंने जोर देकर कहा कि बिहार की जनता अमन-चैन और सामाजिक सुधार चाहती है, और शराबबंदी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। शिवहर लोकसभा क्षेत्र की सांसद लवली आनंद ने बिहार में शराबबंदी को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि शराबबंदी लागू होने के बाद राज्य में अमन-चैन का माहौल बना है, जिससे विशेष रूप से महिलाओं को व्यापक लाभ मिला है। सांसद आनंद ने बताया कि शराबबंदी लागू होने से सामाजिक वातावरण में सकारात्मक बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि गांवों में शांति का माहौल है और महिलाएं अब खुद को अधिक सुरक्षित महसूस करती हैं। विकास और शांति के पक्ष में है जनता उन्होंने शराबबंदी खत्म करने की मांग कर रहे विपक्षी दलों पर निशाना साधा। लवली आनंद ने कहा कि जनता ऐसे बयानों को स्वीकार नहीं करती और चुनाव परिणामों में भी यह स्पष्ट दिखा है कि बिहार की जनता विकास और शांति के पक्ष में है। लवली आनंद ने आगे कहा कि बिहार की जनता अब पूर्ण नशाबंदी चाहती है और इस दिशा में भी चर्चा जारी है। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के शराबबंदी के ऐतिहासिक कदम की सराहना की, जिससे बिहार की सामाजिक संरचना मजबूत हुई है और राज्य विकास की ओर अग्रसर हुआ है। उन्होंने जोर देकर कहा कि बिहार की जनता अमन-चैन और सामाजिक सुधार चाहती है, और शराबबंदी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।


