हाईकोर्ट ने विलंब से क्रिमिनल अपील दायर करने पर पटना डीएम कार्यालय पर 5 हजार रुपए का हर्जाना लगाया है। दरअसल राज्य सरकार की ओर से आपराधिक मामले के अभियुक्त को बरी करने संबंधी निचली अदालत के फैसले को चुनौती देते हुए अपील दायर की गई है। महाधिवक्ता और विधि विभाग से निर्धारित समय सीमा के भीतर लीगल ओपिनियन देने के बावजूद डीएम कार्यालय की ओर से विलंब होने पर कोर्ट ने नाराजगी जताई। दुष्कर्म के दोषी को राहत नहीं : हाईकोर्ट ने नाबालिग लड़की से दुष्कर्म के मामले में सजायाफ्ता को राहत देने से इनकार कर दिया। न्यायमूर्ति आलोक कुमार पांडेय की एकलपीठ ने सजायाफ्ता जितेंद्र कुमार उर्फ कुनकुन की क्रिमिनल अपील को खारिज कर दिया। पिछले साल पटना के विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) ने दीघा थाना कांड संख्या 39/2022 के अभियुक्त को दोषी करार देते हुए चार साल के सश्रम कारावास की सजा दी थी। अपीलकर्ता ने निचली अदालत के इसी फैसले की वैधता को चुनौती दी थी। चंदन मिश्रा हत्याकांड में 5 के खिलाफ आरोप तय चंदन मिश्रा हत्याकांड में जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय नीरज कुमार की अदालत में बुधवार को पांच आरोपियों के खिलाफ आरोप गठित किया गया। जिला लोक अभियोजक राजेश कुमार ने बताया कि हर्ष कुमार, भीम कुमार, सदमान हसन खान उर्फ निशु खान, विजय कांत पांडेय उर्फ धन्नु उर्फ रुद्र पांडेय और तौसिफ रजा उर्फ बादशाह के खिलाफ आरोप तय किया गया है। अगली सुनवाई 2 फरवरी को होगी। 17 जुलाई 2025 को पांच बदमाश हथियार लहराते पारस अस्पताल में घुसे थे और चंदन मिश्रा की हत्या कर दी थी। शास्त्रीनगर थाने में कांड संख्या 494/2025 दर्ज किया गया था। पुलिस ने कुछ आरोपियों को कोलकाता से गिरफ्तार किया था। उधर, उद्योगपति गोपाल खेमका हत्याकांड में अभियोजन ने छठा गवाह पेश किया। सीजर लिस्ट बनाने वाली महिला दारोगा गुड़िया कुमारी ने गवाही दी। हाईकोर्ट ने विलंब से क्रिमिनल अपील दायर करने पर पटना डीएम कार्यालय पर 5 हजार रुपए का हर्जाना लगाया है। दरअसल राज्य सरकार की ओर से आपराधिक मामले के अभियुक्त को बरी करने संबंधी निचली अदालत के फैसले को चुनौती देते हुए अपील दायर की गई है। महाधिवक्ता और विधि विभाग से निर्धारित समय सीमा के भीतर लीगल ओपिनियन देने के बावजूद डीएम कार्यालय की ओर से विलंब होने पर कोर्ट ने नाराजगी जताई। दुष्कर्म के दोषी को राहत नहीं : हाईकोर्ट ने नाबालिग लड़की से दुष्कर्म के मामले में सजायाफ्ता को राहत देने से इनकार कर दिया। न्यायमूर्ति आलोक कुमार पांडेय की एकलपीठ ने सजायाफ्ता जितेंद्र कुमार उर्फ कुनकुन की क्रिमिनल अपील को खारिज कर दिया। पिछले साल पटना के विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) ने दीघा थाना कांड संख्या 39/2022 के अभियुक्त को दोषी करार देते हुए चार साल के सश्रम कारावास की सजा दी थी। अपीलकर्ता ने निचली अदालत के इसी फैसले की वैधता को चुनौती दी थी। चंदन मिश्रा हत्याकांड में 5 के खिलाफ आरोप तय चंदन मिश्रा हत्याकांड में जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय नीरज कुमार की अदालत में बुधवार को पांच आरोपियों के खिलाफ आरोप गठित किया गया। जिला लोक अभियोजक राजेश कुमार ने बताया कि हर्ष कुमार, भीम कुमार, सदमान हसन खान उर्फ निशु खान, विजय कांत पांडेय उर्फ धन्नु उर्फ रुद्र पांडेय और तौसिफ रजा उर्फ बादशाह के खिलाफ आरोप तय किया गया है। अगली सुनवाई 2 फरवरी को होगी। 17 जुलाई 2025 को पांच बदमाश हथियार लहराते पारस अस्पताल में घुसे थे और चंदन मिश्रा की हत्या कर दी थी। शास्त्रीनगर थाने में कांड संख्या 494/2025 दर्ज किया गया था। पुलिस ने कुछ आरोपियों को कोलकाता से गिरफ्तार किया था। उधर, उद्योगपति गोपाल खेमका हत्याकांड में अभियोजन ने छठा गवाह पेश किया। सीजर लिस्ट बनाने वाली महिला दारोगा गुड़िया कुमारी ने गवाही दी।


