भास्कर संवाददाता| विदिशा| मध्य प्रदेश सरकार की खेलो एमपी योजना पर शुरू होने से पहले ही सवाल उठने लगे हैं। बुधवार को बीपीएड संघ के बैनर तले खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों ने योजना के नए नियमों का विरोध किया। उन्होंने खेल मंत्री के नाम ज्ञापन संयुक्त कलेक्टर अनुभा जैन को सौंपा। मांग की कि नियमों में तुरंत बदलाव किया जाए। बीपीएड संघ मध्य प्रदेश के संगठन मंत्री पंकज भार्गव ने कहा कि नए नियमों के तहत खिलाड़ियों को संबंधित खेल संघों में पंजीकरण कराना जरूरी किया गया है। यह सरकारी आयोजन को निजी हाथों में सौंपने जैसा है। इससे निजी खेल संघों को फायदा पहुंचाया जा रहा है। ज्ञापन में बताया गया कि खेल संघ पंजीकरण के नाम पर भारी शुल्क वसूलते हैं। इससे ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर खिलाड़ी प्रतियोगिता से बाहर हो सकते हैं। संगठन ने मांग की कि खेल संघों की अनिवार्य सदस्यता खत्म की जाए। खिलाड़ियों का पंजीकरण सीधे खेल विभाग द्वारा निशुल्क किया जाए। ग्रामीण बच्चों के लिए प्रक्रिया आसान बनाई जाए। संघ ने चेतावनी दी कि अगर नियमों में बदलाव नहीं हुआ तो ‘खेलो एमपी’ योजना सीमित वर्ग तक सिमट जाएगी। गांवों की असली प्रतिभाएं सामने नहीं आ पाएंगी। बैठक में खेल प्रशिक्षक और संघ के सदस्य मौजूद रहे।


