भागलपुर में आज श्री श्री 108 महा सर्वेश्वर नाथ महादेव की मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर भव्य कलश शोभा यात्रा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर गांव का माहौल भक्तिमय हो गया और चारों ओर ‘हर हर महादेव’ के जयघोष गूंजने लगे। मामला नाथनगर प्रखंड के बेलखुरिया पंचायत अंतर्गत जमीन दरियापुर का है। कलश शोभा यात्रा जमीन दरियापुर से शुरू हुई। इसमें महिलाएं, बुजुर्ग, युवा और बच्चे बड़ी संख्या में शामिल हुए। महिलाएं अपने सिर पर कलश लेकर शोभा यात्रा में चल रही थीं। श्रद्धालु पैदल यात्रा करते हुए शाहकुंड प्रखंड के बोरगांव स्थित दरियापुर दुर्गा स्थान तक पहुंचे। वहां विधि-विधान से कलशों में गंगाजल भरा गया और पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद शोभायात्रा बेलखुरिया और दरियापुर पंचायत के विभिन्न गांवों का भ्रमण करते हुए वापस अपने मूल स्थान पर लौटी। यंत्रों की गूंज से पूरा क्षेत्र उत्सवमय हुआ शोभा यात्रा में ढोल-नगाड़े, डीजे, घोड़े और पारंपरिक वाद्य यंत्रों की गूंज से पूरा क्षेत्र उत्सवमय हो गया। धार्मिक गीत-संगीत और भक्ति नृत्य ने माहौल को और भी उल्लासपूर्ण बना दिया। रास्ते भर ग्रामीणों ने जगह-जगह फूल बरसाकर और जलपान की व्यवस्था कर श्रद्धालुओं का स्वागत किया। कलश शोभा यात्रा में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं की भागीदारी देखी गई। महिलाओं की बड़ी संख्या ने धार्मिक आस्था का प्रदर्शन किया, जबकि युवाओं और बच्चों की सक्रिय सहभागिता ने सांस्कृतिक एकता और धार्मिक चेतना को मजबूत करने में योगदान दिया। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि मूर्ति प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर अगले कुछ दिनों तक विशेष पूजा-पाठ, हवन और भंडारे का आयोजन किया जाएगा। पूरे गांव में उत्साह का माहौल है और श्रद्धालु श्रद्धा के साथ भगवान महादेव के दर्शन और पूजन में जुटे हैं। भागलपुर में आज श्री श्री 108 महा सर्वेश्वर नाथ महादेव की मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर भव्य कलश शोभा यात्रा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर गांव का माहौल भक्तिमय हो गया और चारों ओर ‘हर हर महादेव’ के जयघोष गूंजने लगे। मामला नाथनगर प्रखंड के बेलखुरिया पंचायत अंतर्गत जमीन दरियापुर का है। कलश शोभा यात्रा जमीन दरियापुर से शुरू हुई। इसमें महिलाएं, बुजुर्ग, युवा और बच्चे बड़ी संख्या में शामिल हुए। महिलाएं अपने सिर पर कलश लेकर शोभा यात्रा में चल रही थीं। श्रद्धालु पैदल यात्रा करते हुए शाहकुंड प्रखंड के बोरगांव स्थित दरियापुर दुर्गा स्थान तक पहुंचे। वहां विधि-विधान से कलशों में गंगाजल भरा गया और पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद शोभायात्रा बेलखुरिया और दरियापुर पंचायत के विभिन्न गांवों का भ्रमण करते हुए वापस अपने मूल स्थान पर लौटी। यंत्रों की गूंज से पूरा क्षेत्र उत्सवमय हुआ शोभा यात्रा में ढोल-नगाड़े, डीजे, घोड़े और पारंपरिक वाद्य यंत्रों की गूंज से पूरा क्षेत्र उत्सवमय हो गया। धार्मिक गीत-संगीत और भक्ति नृत्य ने माहौल को और भी उल्लासपूर्ण बना दिया। रास्ते भर ग्रामीणों ने जगह-जगह फूल बरसाकर और जलपान की व्यवस्था कर श्रद्धालुओं का स्वागत किया। कलश शोभा यात्रा में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं की भागीदारी देखी गई। महिलाओं की बड़ी संख्या ने धार्मिक आस्था का प्रदर्शन किया, जबकि युवाओं और बच्चों की सक्रिय सहभागिता ने सांस्कृतिक एकता और धार्मिक चेतना को मजबूत करने में योगदान दिया। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि मूर्ति प्राण-प्रतिष्ठा को लेकर अगले कुछ दिनों तक विशेष पूजा-पाठ, हवन और भंडारे का आयोजन किया जाएगा। पूरे गांव में उत्साह का माहौल है और श्रद्धालु श्रद्धा के साथ भगवान महादेव के दर्शन और पूजन में जुटे हैं।


