Indore News: भाजपा विधायक महेंद्र हार्डिया के सवाल के जवाब में विधानसभा में नगरीय प्रशासन मत्री कैलाश विजवयर्गीय ने गलत जवाब देते हुए बताया था कि इंदौर में एक भी सफाई संरक्षक नहीं है। मामले ने तूल पकड़ा तो गलत जानकारी तैयार करने के मामले में नगर निगम के स्थापना शाखा कार्यालय अधीक्षक हरीश श्रीवास्तव को निलंबित करने व लिपिक अतुल वाजपेयी (विनियमित कर्मचारी) की सेवा समाप्त करने का आदेश जारी हुआ है। पत्रिका ने 26 फरवरी को यह खुलासा किया था। अपर आयुक्त के इस आदेश में लिखा है कि विधायक द्वारा पूछे सवाल का जवाब संचालनालय को भेजा था, जो त्रुटिपूर्ण पाया गया।
निलंबित करते हुए विभागीय जांच के आदेश दिए
यह जवाब कार्यालय अधीक्षक के माध्यम से तैयार कराकर प्रेषित किया जाना पाया गया। उन्होंने महत्वपूर्ण मामले में रुचि नहीं दिखाई, इसलिए उन्हें निलंबित करते हुए विभागीय जांच के आदेश दिए जाते है। इसी तरह क्लर्क अतुल वाजपेयी के माध्यम से यह जवाब तैयार हुआ था। उनकी रुचि महत्वपूर्ण कार्य में नहीं होने पर उन्हें हाजिरी मुक्त करते हुए पारिश्रमिक भुगतान पर तत्काल रोक लगाई जाती है।
यह है मामला
विधायक हार्डिया ने विधानसभा में सवाल लगाकर इंदौर नगर निगम में स्वीकृत पद, कार्यरत पद एवं रिक्त पदों की जानकारी मांगी थी। यह भी पूछा था कि क्या कर्मचारियों की कमी के चलते एक ही अधिकारी को कई जगह का प्रभार सौंपा गया है? नगरीय प्रशासन मंत्री विजयवर्गीय ने जवाब दिया कि निगम सीमा विस्तार के चलते अधिकारियों को एक से ज्यादा प्रभार दिए गए हैं। सीमा क्षेत्र के हिसाब से निगम में अमले की कमी है।

विजयवर्गीय के मुताबिक, निगम में 6312 पद हैं, लेकिन केवल 1493 पद ही भरे हैं और 4819 खाली हैं। सफाई संरक्षकों के 3900 पद हैं, ये सभी खाली हैं। जबकि, निगम में 1200 से ज्यादा सफाई संरक्षक कार्यरत हैं और 2400 से ज्यादा विनियमित सफाई संरक्षक सफाई का जिम्मा संभालते हैं।


