नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने जेईई मेंस 2026 सेशन-1 का रिजल्ट जारी किया। इस बार गयाजी के बेटे ने देशभर में परचम लहरा दिया। शुभम कुमार ने 100 परसेंटाइल हासिल कर परफेक्ट स्कोर बनाया। वे देश के उन 12 छात्रों में शामिल हैं, जिन्होंने 100 परसेंटाइल हासिल किया है। उनकी ऑल इंडिया रैंक 3 है। शुभम ब्रिटिश इंग्लिश स्कूल के छात्र रहे हैं। छात्र की सफलता पर स्कूल और कोचिंग गुरुकुल के प्रबंधन खुश है। फिलहाल वो 12वीं बोर्ड का एग्जाम दे रहे हैं। रिजल्ट आने के बाद स्कूल में जश्न का माहौल है। स्कूल में पहले केक काटा गया। फिर छात्रों को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया। कोचिंग रास्ता दिखाती, मंजिल तक सेल्फ स्टडी पहुंचाती शुभम ने अपनी सपलता के बारे में बताया है कि कोचिंग रास्ता दिखाती है, मंजिल तक सेल्फ स्टडी पहुंचाती है। कोचिंग दिशा देती है, डाउट क्लियर करती है। लेकिन, असली मेहनत सेल्फ स्टडी है। वही मुकाम तक ले जाती है। मैं रोज 10 से 12 घंटे पढ़ाई करता था। बीच-बीच में ब्रेक लेता था। 24 घंटे पढ़ने की जरूरत नहीं है। नियमितता और अनुशासन जरूरी है। मैंने 2 साल तक लगातार मेहनत की है। शुभम ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और शिक्षकों को दिया है। शुभम के पिता शिव कुमार हार्डवेयर व्यवसायी हैं। जबकि, मां गृहिणी हैं। कोचिंग से मिला 100 प्रतिशत स्कॉलरशिप शुभम ने छात्रों से कहा है कि शिक्षक की बात मानिए। फोकस रखिए, तो सफलता जरुर मिलेगी। मुझे मेरे कोचिंग ने 100 प्रतिशत स्कॉलरशिप दिया है। शुभम के गुरुकुल का दावा है कि 50 बच्चों ने जेईई एडवांस के लिए क्वालिफाई किया है। गुरुकुल के डायरेक्टर भीम राज ने बताया कि इस बार करीब 50 छात्र जेईई एडवांस के लिए सफल हुए हैं। इनमें से 20 छात्रों ने 90 परसेंटाइल से अधिक अंक हासिल किए हैं। शुभम ने 100 परसेंटाइल के साथ देश में तीसरा स्थान पाया है। यह बच्चों की मेहनत का नतीजा है और शिक्षकों की लगन है। मेरे दोनों बेटे आईआईटीयन हैं। उनके मार्गदर्शन का भी योगदान है। गुरुकुल के 90 परसेंटाइल से ऊपर का प्रदर्शन करने वाले छात्र… समीर राज – 99.74
रंजन कुमार – 99.74
तोरण कुमार – 99.57
सोनू कुमार – 99.18
सचिन प्रकाश – 99.36 नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने जेईई मेंस 2026 सेशन-1 का रिजल्ट जारी किया। इस बार गयाजी के बेटे ने देशभर में परचम लहरा दिया। शुभम कुमार ने 100 परसेंटाइल हासिल कर परफेक्ट स्कोर बनाया। वे देश के उन 12 छात्रों में शामिल हैं, जिन्होंने 100 परसेंटाइल हासिल किया है। उनकी ऑल इंडिया रैंक 3 है। शुभम ब्रिटिश इंग्लिश स्कूल के छात्र रहे हैं। छात्र की सफलता पर स्कूल और कोचिंग गुरुकुल के प्रबंधन खुश है। फिलहाल वो 12वीं बोर्ड का एग्जाम दे रहे हैं। रिजल्ट आने के बाद स्कूल में जश्न का माहौल है। स्कूल में पहले केक काटा गया। फिर छात्रों को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया। कोचिंग रास्ता दिखाती, मंजिल तक सेल्फ स्टडी पहुंचाती शुभम ने अपनी सपलता के बारे में बताया है कि कोचिंग रास्ता दिखाती है, मंजिल तक सेल्फ स्टडी पहुंचाती है। कोचिंग दिशा देती है, डाउट क्लियर करती है। लेकिन, असली मेहनत सेल्फ स्टडी है। वही मुकाम तक ले जाती है। मैं रोज 10 से 12 घंटे पढ़ाई करता था। बीच-बीच में ब्रेक लेता था। 24 घंटे पढ़ने की जरूरत नहीं है। नियमितता और अनुशासन जरूरी है। मैंने 2 साल तक लगातार मेहनत की है। शुभम ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और शिक्षकों को दिया है। शुभम के पिता शिव कुमार हार्डवेयर व्यवसायी हैं। जबकि, मां गृहिणी हैं। कोचिंग से मिला 100 प्रतिशत स्कॉलरशिप शुभम ने छात्रों से कहा है कि शिक्षक की बात मानिए। फोकस रखिए, तो सफलता जरुर मिलेगी। मुझे मेरे कोचिंग ने 100 प्रतिशत स्कॉलरशिप दिया है। शुभम के गुरुकुल का दावा है कि 50 बच्चों ने जेईई एडवांस के लिए क्वालिफाई किया है। गुरुकुल के डायरेक्टर भीम राज ने बताया कि इस बार करीब 50 छात्र जेईई एडवांस के लिए सफल हुए हैं। इनमें से 20 छात्रों ने 90 परसेंटाइल से अधिक अंक हासिल किए हैं। शुभम ने 100 परसेंटाइल के साथ देश में तीसरा स्थान पाया है। यह बच्चों की मेहनत का नतीजा है और शिक्षकों की लगन है। मेरे दोनों बेटे आईआईटीयन हैं। उनके मार्गदर्शन का भी योगदान है। गुरुकुल के 90 परसेंटाइल से ऊपर का प्रदर्शन करने वाले छात्र… समीर राज – 99.74
रंजन कुमार – 99.74
तोरण कुमार – 99.57
सोनू कुमार – 99.18
सचिन प्रकाश – 99.36


