मुरैना/सबलगढ़. रसोई गैस मिलने में हो रही देरी अब उपभोक्ताओं के गुस्से की वजह बन रही है। सबलगढ़ में गुरुवार को एक गैस एजेंसी पर सिलेंडर लेने आए उपभोक्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा। एजेंसी पर एक हजार से डेढ़ हजार लोग सिलेंडर लेने जा पहुंचे। ऐसे में एजेंसी संचालक की व्यवस्थाएं बिगडऩे लगी।
मौके पर पहुंचे अफसर, तब खुला रास्ता
सिलेंडर मिलने मे ंहो रही देरी से उपभोक्ताओं का धैर्य जवाब दे गया। ऐसे में गुस्साई भीड़ एनएच 552 पर आ गई। उसने सडक़ पर सिलेंडर रखकर रास्ता घेर लिया। जिससे दोनों ओर से आ रहे वाहनों की लंबी कतार लग गई। सैकडों वाहनों के पहिए थम गए। मौके पर पहुंचे नायब तहसीलदार, जेएसओ ने भीड़ को समझाइश दी, तब कहीं जाकर लोगों का गुस्सा शांत हुआ और उन्होंने रास्ता खोला।
आठ-आठ दिन में सिलेंडरों की डिलेवरी
सबलगढ़ तहसील में जिन लोगों ने 15-16 मार्च को गैस रिफिल बुक कराई थी, उन्हें आज तक गैस सिलेंडर नहीं मिल सके हैं। सोमवार के अवकाश के बाद जब एजेंसी खुली तो भीड़ उमड़ पड़ी। लोगों का आरोप था कि गैस गोदाम पर मौजूद स्टाफ अपने चहेतों को पहले सिलेंडर दे रहे हैं और हमारे नंबर लगे हैं, फिर भी हमें मायूस लौटाया जा रहा है। हालांकि गैस एजेंसी संचालक का कहना है कि जिन लोगों के नंबर पहले लगे हैं, उन्हें पहले सिलेंडर दिए जा रहे हैं। लोगों को थोड़ा धैर्य रखना चाहिए।
एजेंसियों पर उमड़ रही भीड़
मुरैना शहर की गैस एजेंसियों पर भी गैस सिलेंडर के लिए मारामारी मची है। लोग अपनी गैस की किताबें लेकर एजेंसी पर पहुंच रहे हैं लेकिन उनके हाथ मायूसी ही लग रही है। दरअसल यहां भी 8 से 10 दिन की वेङ्क्षटग चल रही है।
समझाकर शांत कराया
गैस सिलेंडर की किल्लत नहीं है। एजेंसी के गोदाम से जिन लोगों के पहले नंबर लगे थे, उन्हें पहले सिलेंडर दिए जा रहे थे। इससे कुछ लोगों ने अफवाह फैला दी और रास्ते पर सिलेंडर रख दिए। नायब तहसीलदार-जेएसओ ने मौके पर पहुंचकर उन्हें समझाकर हटाया।
मेघा तिवारी, एसडीएम मुरैना


