Jaipur’s Elevated Road Project: जयपुर की द्रव्यवती नदी के बहाव क्षेत्र में प्रस्तावित एलिवेटेड रोड परियोजना का रास्ता अभी पूरी तरह साफ नहीं है। एलिवेटेड रोड के रास्ते में कई बाधाएं हैं। इनमें पहले से बनी एलिवेटेड रोड, मेट्रो कॉरिडोर और हाईटेंशन लाइन का तोड़ निकालना होगा। 36KM में JDA एविलेटेड रोड की संभावनाएं तलाशने के लिए इस माह में डीपीआर का टेंडर जारी करेगा। डीपीआर में करीब पांच करोड़ रुपए खर्च करेगा।
सूत्रों की मानें तो एलिवेटेड रोड का काम चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा। पहले चरण में सांगानेर और प्रताप नगर की ओर पांच से सात किमी में नदी के ऊपर एलिवेटेड रोड बनाई जाएगी।
सड़क को विकसित करने पर करें काम
बड़े हिस्से में नदी के दोनों ओर जमीन खाली है। उसको जेडीए बेच भी नहीं सकता। ऐसे में यहां सड़क बनाकर यातायात को सुचारू भी कर सकता है। एक्सपर्ट मानते हैं कि इससे जेडीए का पैसा भी कम खर्च होगा और काम भी जल्द हो जाएगा। एलिवेटेड रोड खर्चीला प्रोजेक्ट है जहां नदी किनारे घनी आबादी है, वहां पर बहाव क्षेत्र में एलिवेटेड पर विचार किया जा सकता है।
राह के रोड़े, खोजना होगा हल
- अजमेर रोड पर एलिवेटेड रोड की सड़क से 7.5 मीटर ऊंचाई है। इसके करीब छह से सात मीटर ऊपर से एलिवेटेड रोड निकालनी होगी।
- यही स्थिति आतिश मार्केट पर मेट्रो ट्रेन के रूट के दौरान भी नजर आएगी। मुख्य सड़क से करीब 50 फीट ऊपर से गुजारनी होगी।
- एलिवेटेड रोड से वाहनों को उतारने और चढ़ाने के लिए मुख्य सड़क पर अतिरिक्त जमीन की जरूरत पड़ेगी। पांच से छह जगह लेग बनाई जाएंगी। ज्यादातर मुख्य सड़कों पर जमीन का अभाव है।
ये हैं बाधाएं
- अजमेर रोड स्थित सुशीलपुरा पुलिया पर आचार्य तुलती सेतु बाधा बनेगा। इसके ऊपर से एलिवेटेड रोड को निकालना आसान नहीं होगा।
- आतिश मार्केट से गुजरने पर मेट्रो रूट आएगा। इसके ऊपर से एलिवेटेड रोड निकालनी होगी। सेफ्टी कॉरिडोर को ध्यान में रखते हुए ऊंचाई और बढ़ सकती है।
- मानसरोवर में हाईटेंशन लाइन बाधा बनेगी। हालांकि, एक्सपर्ट का कहना है कि इन हाईटेंशन लाइन को भूमिगत किया जाएगा।
- बम्बाला पुलिया, टोंक रोड पर मेट्रो फेज-2 का प्रस्तावित रूट है। सांगानेर क्षेत्र से गुजरने वाली द्रव्यवती नदी पर एलिवेटेड रोड प्रस्तावित है। जेडीए अधिकारियों को कहना है समन्वय कर डिजायन तैयार की जाएगी।


