ब्यावर में गोपालजी मोहल्ला गणगौर समिति द्वारा 130 वर्ष पुरानी परंपरा के अनुसार गणगौर मेले का शनिवार को शुभारंभ किया गया। यह मेला 21 मार्च से 28 मार्च तक प्रतिदिन शाम 7 बजे गोपालजी मोहल्ला मंदिर के बाहर आयोजित किया जा रहा है, जिसमें विभिन्न देवी-देवताओं की प्राचीन प्रतिमाएं श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।
मेला संयोजक संजय शर्मा और विपिन जोशी ने बताया कि मेले के पहले दिन ईसर-गणगौर की मुख्य प्रतिमा के साथ परियों के जोड़े की आकर्षक प्रतिमा स्थापित की गई। इसे देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। समिति अध्यक्ष शिवेंद्र जोशी ने जानकारी दी कि 22 मार्च को गणेशजी की प्रतिमा का विशेष श्रृंगार ऋषिराज सोनी, राजेश ठठेरा और जितेंद्र सोनी द्वारा किया जाएगा। मेले का मुख्य आकर्षण 28 मार्च को होने वाली पारंपरिक गणगौर बोलावनी रहेगी, जिसमें जयपुर का सुप्रसिद्ध जिया बैंड अपनी प्रस्तुति देगा।
इसी क्रम में, क्षेत्र के फतेहपुरिया दोयम में भी गणगौर उत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर 211 कलशों के साथ महिलाओं की शोभायात्रा निकाली गई, जिसने पूरे गांव को राजस्थानी संस्कृति के रंग में रंग दिया।
फतेहपुरिया दोयम में ईसर-गणगौर की प्रतिमाओं का विशेष श्रृंगार किया गया और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ पूजा-अर्चना संपन्न हुई। इस वर्ष आयोजन का संचालन भामाशाह भगवान लाल बागड़ी द्वारा किया गया, जिसकी ग्रामीणों ने सराहना की।
आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना और समाज में आपसी भाईचारा व एकजुटता को बढ़ावा देना रहा। कार्यक्रम के अंत में सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।


